लाखों का टैक्स देने के बावजूद बदहाल सरदार पटेल बस पड़ाव, मूलभूत सुविधाओं के तरस रहे यात्री

बदहाल सरदार पटेल बस पड़ाव- फोटो : आशीष

Arrah : भोजपुर जिले के एकमात्र सरदार पटेल बस पड़ाव (आरा) में आने-जाने वाले हजारों यात्रियों को बुनियादी सुविधाओं के घोर अभाव के कारण भारी फजीहत झेलनी पड़ रही है। इस अंतरराज्यीय बस स्टैंड से नगर निगम को प्रति माह लाखों रुपये का राजस्व/टैक्स प्राप्त होता है, लेकिन इसके बावजूद यात्रियों के लिए सुविधाओं का स्तर बेहद चिंताजनक और निराशाजनक बना हुआ है।


अंतरराज्यीय पड़ाव से रोजाना हजारों का आवागमन, पेयजल के लिए भटक रहे लोग 

इस पड़ाव से बिहार के विभिन्न जिलों के अलावा झारखंड, उत्तर प्रदेश, दिल्ली, पश्चिम बंगाल और छत्तीसगढ़ के लिए रोजाना दर्जनों लंबी दूरी की बसों का परिचालन होता है। इतनी बड़ी संख्या में मुसाफिरों की मौजूदगी के बाद भी शुद्ध पेयजल का कोई प्रबंध नहीं है। यात्रियों की सुविधा के लिए लगे आरओ (RO) वाटर फिल्टर लंबे समय से खराब पड़े हैं, जिससे यात्रियों को बाजार से बोतलबंद पानी खरीदने को मजबूर होना पड़ रहा है।


शौचालयों की कमी से महिलाएं व बुजुर्ग परेशान, परिसर में पसरी गंदगी 

बस स्टैंड में पर्याप्त शौचालयों का निर्माण न होने से यात्रियों के साथ-साथ बस चालकों और परिचालकों को भी भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है। शौचालय की कमी का सबसे अधिक खामियाजा महिला यात्रियों, बुजुर्गों और बच्चों को भुगतना पड़ रहा है। इसके अतिरिक्त नगर निगम द्वारा नियमित साफ-सफाई न कराए जाने से पूरे परिसर में गंदगी का अंबार लगा रहता है, जिससे संक्रामक बीमारियों का खतरा बना हुआ है।


प्रतीक्षालय जर्जर, बारिश के दिनों में शेड न होने से बढ़ती है आफत 

बारिश के मौसम में बस पड़ाव की स्थिति अत्यंत विकराल रूप ले लेती है। यात्रियों के बैठने व ठहरने के लिए कोई सुरक्षित और सुव्यवस्थित पैसेंजर शेड (प्रतीक्षालय) मौजूद नहीं है। जलजमाव और बारिश से बचने के लिए यात्रियों को जर्जर भवनों की आड़ या फिर असुरक्षित स्थानों पर शरण लेनी पड़ती है। नगर निगम को मोटा राजस्व देने के बाद भी बुनियादी ढांचे का विकास न होना प्रशासनिक उदासीनता को दर्शाता है।


नगर निगम प्रशासन से व्यवस्था सुधारने और आरओ चालू कराने की मांग 

स्थानीय लोगों और यात्रियों ने नगर निगम प्रशासन तथा जिला प्रशासन से बस पड़ाव की बदहाली पर तुरंत संज्ञान लेने की अपील की है। यात्रियों ने मांग की है कि खराब पड़े सभी आरओ वाटर फिल्टरों को तुरंत दुरुस्त कराया जाए, नए व साफ-सुथरे शौचालयों का निर्माण हो, नियमित सफाई की व्यवस्था बहाल की जाए और बारिश से सुरक्षा के लिए मजबूत शेड/प्रतीक्षालय बनाया जाए ताकि आम जनता को राहत मिल सके।


आशीष की रिपोर्ट