मायागंज अस्पताल में सुरक्षा कर्मियों की अचानक हड़ताल, भगवान भरोसे अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्था

Bihar News : भागलपुर के मायागंज अस्पताल में लंबे समय से वेतन वृद्धि की अनदेखी से नाराज बड़ी संख्या में सिक्योरिटी गार्ड्स ने काम पूरी तरह ठप कर दिया। सुरक्षाकर्मी मानदेय मेें वृद्धि की मांग कर रहे है....

हड़ताल पर गए मायागंज अस्पताल के सुरक्षाकर्मी- फोटो : बाल मुकुंद कुमार

Bhagalpur : जिले के जवाहरलाल नेहरू चिकित्सा महाविद्यालय अस्पताल (मायागंज अस्पताल) में सोमवार को अचानक सुरक्षा व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई। अपनी विभिन्न मांगों को लेकर अस्पताल के सुरक्षा कर्मियों ने एकमुश्त हड़ताल शुरू कर दी। देखते ही देखते अस्पताल परिसर का माहौल बेहद तनावपूर्ण हो गया और बड़ी संख्या में सिक्योरिटी गार्ड अपनी ड्यूटी छोड़ अस्पताल परिसर में ही जुटने लगे और मुख्य प्रशासनिक भवन के सामने जोरदार प्रदर्शन शुरू कर दिया।


मानदेय वृद्धि को लेकर जताया आक्रोश

हड़ताल और प्रदर्शन कर रहे सुरक्षा कर्मियों का कहना है कि वे लंबे समय से अस्पताल प्रशासन और संबंधित एजेंसी से अपना वेतन (मानदेय) बढ़ाने की मांग कर रहे हैं। महंगाई के इस दौर में मौजूदा वेतन में उनके लिए परिवार का भरण-पोषण करना और बच्चों की पढ़ाई का खर्च उठाना बेहद मुश्किल हो गया है। गार्डों ने आरोप लगाया कि कई बार लिखित और मौखिक रूप से अधिकारियों को इस समस्या से अवगत कराया गया, लेकिन अब तक उनकी जायज मांगों पर कोई सुनवाई नहीं हुई है।


मांगे पूरी होने तक काम पर न लौटने की चेतावनी

अस्पताल प्रशासन की बेरुखी से नाराज सभी सिक्योरिटी गार्ड्स ने एकजुट होकर काम पूरी तरह ठप कर दिया है और धरने पर बैठ गए हैं। प्रदर्शन के दौरान सुरक्षा कर्मियों ने अपनी मांगों के समर्थन में और अस्पताल प्रबंधन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। हड़ताल कर रहे कर्मियों ने दो टूक शब्दों में साफ कह दिया है कि जब तक प्रबंधन उनकी मांगों को गंभीरता से लेते हुए वेतन वृद्धि पर कोई ठोस लिखित आश्वासन नहीं देता, तब तक वे काम पर वापस नहीं लौटेंगे।


सुध लेने नहीं पहुंचा कोई भी प्रशासनिक अधिकारी

सोमवार को दोपहर बाद तक चली इस भारी नारेबाजी और हंगामे के बावजूद अस्पताल प्रशासन का रवैया उदासीन बना रहा। खबर लिखे जाने तक अस्पताल प्रबंधन, अधीक्षक कार्यालय या सुरक्षा मुहैया कराने वाले संबंधित विभाग का कोई भी जिम्मेदार अधिकारी प्रदर्शनकारी गार्डों से वार्ता करने या उनकी समस्या सुनने मौके पर नहीं पहुंचा था। अधिकारियों के इस रवैये को लेकर आंदोलनकारी कर्मियों में आक्रोश और ज्यादा गहराता जा रहा है।


भगवान भरोसे अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्था

हजारों की ओपीडी और सैकड़ों गंभीर मरीजों वाले इस बड़े अस्पताल में अचानक हुई इस हड़ताल से पूरी सुरक्षा व्यवस्था भगवान भरोसे हो गई है। अस्पताल के मुख्य द्वारों, इमरजेंसी वार्ड, लेबर वार्ड और आईसीयू जैसे संवेदनशील विभागों से सुरक्षा कर्मी पूरी तरह नदारद हैं। सुरक्षा गार्डों की अनुपस्थिति के कारण अस्पताल में मरीजों की भारी भीड़ के बीच किसी भी अप्रिय घटना या तीमारदारों और डॉक्टरों के बीच विवाद की स्थिति में सुरक्षा का एक बड़ा संकट खड़ा होता दिखाई दे रहा है।


बालमुकुंद की रिपोर्ट