भागलपुर में बाढ़ के बीच गर्भवती महिलाओं की सुरक्षा की विशेष पहल, सुरक्षित संस्थागत प्रसव की तैयारी

बाढ़ के बीच गर्भवती महिलाओं की सुरक्षा की विशेष पहल- फोटो : बाल मुकुंद कुमार

Bhagalpur : जिले में बाढ़ की गंभीर स्थिति को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने गर्भवती महिलाओं की सुरक्षा और सुरक्षित संस्थागत प्रसव सुनिश्चित करने के लिए एक विशेष अभियान शुरू किया है। इसके तहत बाढ़ प्रभावित एवं संभावित रूप से जलभराव वाले क्षेत्रों में गर्भवती महिलाओं को प्राथमिकता के आधार पर चिन्हित किया जा रहा है। विभाग की मंशा है कि जलस्तर बढ़ने या आवागमन के रास्ते पूरी तरह बाधित होने से पहले ही महिलाओं को समय रहते सुरक्षित स्थानों और नजदीकी स्वास्थ्य केंद्रों तक पहुंचाया जा सके।


आशा कार्यकर्ताओं द्वारा एस्टीमेटेड डिलीवरी डेट के आधार पर पहचान 

इस कार्य योजना के तहत स्वास्थ्य विभाग की टीमों और आशा कार्यकर्ताओं को ग्राउंड लेवल पर सक्रिय किया गया है। ये कार्यकर्ता प्रभावित क्षेत्रों में घर-घर जाकर गर्भवती महिलाओं की जानकारी जुटा रही हैं। प्रसव की संभावित तिथि (EDD), गर्भावस्था की स्थिति और जोखिम के लक्षणों को ध्यान में रखते हुए प्राथमिकता सूची तैयार की जा रही है। जिन महिलाओं का प्रसव निकट है, उन्हें जलभराव से पूर्व प्राथमिकता के आधार पर स्वास्थ्य संस्थानों में शिफ्ट किया जा रहा है।


हाई रिस्क प्रेगनेंसी वाली महिलाओं पर विशेष नजर 

स्वास्थ्य विभाग का मुख्य उद्देश्य यह है कि आपदा के दौरान अचानक प्रसव की स्थिति उत्पन्न होने पर मां और नवजात शिशु को चिकित्सा सुविधा मिलने में कोई कठिनाई न हो। विशेष रूप से उच्च जोखिम वाली गर्भवती महिलाओं (High-Risk Pregnancy) को चिन्हित कर उनके सुरक्षित संस्थागत प्रसव के लिए अग्रिम रूप से अस्पतालों में भर्ती कराने या रेफर करने की पुख्ता व्यवस्था की जा रही है, ताकि आपात स्थिति में समय पर इलाज संभव हो सके।


रेफरल और परिवहन व्यवस्था को किया गया मुस्तैद 

सुरक्षित प्रसव व्यवस्था को सुचारू बनाने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने संबंधित चिकित्सा पदाधिकारियों, अस्पताल प्रबंधकों और स्वास्थ्य कर्मियों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करने का निर्देश दिया है। बाढ़ प्रभावित इलाकों में आवश्यकतानुसार परिवहन और आपातकालीन रेफरल व्यवस्था को पूरी तरह सक्रिय रखा गया है, ताकि किसी भी पीड़ित महिला को समय पर अस्पताल पहुँचाने में देरी न हो।


स्वास्थ्य विभाग की अपील: एन मौके का न करें इंतजार 

स्वास्थ्य विभाग ने बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों के निवासियों से अपील की है कि वे प्रसव की संभावित तिथि नजदीक होने पर अंतिम समय तक इंतजार न करें। परिजनों से आग्रह किया गया है कि वे स्थानीय आशा कार्यकर्ता या नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र से संपर्क कर समय रहते सुरक्षित प्रसव हेतु अस्पताल पहुँचें। विभाग ने यह संदेश दिया है कि आपदा के समय जोखिम उठाने से बेहतर है कि समय पर सुरक्षित संस्थागत प्रसव कराकर मां और शिशु की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए।

बालमुकुंद की रिपोर्ट