गंडक की लहरों पर प्रशासन का कड़ा पहरा, गोपालगंज में संभावित सैलाब को लेकर मुस्तैद हुआ अमला,जिलाधिकारी ने खुद संभाला मोर्चा, तटबंधों की 24 घंटे निगेहबानी !

Gopalganj Flood Alert: बिहार में मानसूनी बारिश के बीच संभावित बाढ़ की आहट को देखते हुए गोपालगंज जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट हो गया है।

गंडक की लहरों पर प्रशासन का कड़ा पहरा- फोटो : reporter

Gopalganj Flood Alert: बिहार में मानसूनी बारिश के बीच संभावित बाढ़ की आहट को देखते हुए गोपालगंज जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट हो गया है। सरकार की साख और जनता की हिफ़ाज़त को दांव पर न लगाते हुए, जिलाधिकारी समीर सौरभ ने खुद कमान संभाल ली है। उन्होंने प्रशासनिक लश्कर के साथ डुमरिया घाट और गौसिया बांध जैसे संवेदनशील इलाक़ों का तूफ़ानी दौरा कर सुरक्षा इंतज़ामों और तटबंधों की मज़बूती का बारीकी से मुआयना किया।

समीक्षा के दौरान अफ़सरों को दो-टूक हिदायत दी गई है कि तटबंधों की निगेहबानी में ज़रा सी भी लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। संवेदनशील और कमज़ोर ठिकानों पर दिन-रात पैनी नज़र रखने के लिए चौबीस घंटे गश्त के कड़े निर्देश जारी किए गए हैं। जिला प्रशासन का दावा है कि सारण तटबंध और उससे जुड़े तमाम सहायक ढांचे फ़िलहाल पूरी तरह महफ़ूज़ हैं और किसी भी आपात  स्थिति से निपटने के लिए राहत-बचाव दल और सभी ज़रूरी साज़ो-सामान हाई अलर्ट पर हैं।

सियासी गलियारों में अक्सर बाढ़ की तैयारियों को लेकर उठने वाले सवालों के बीच, डीएम समीर सौरभ ने पुरअसर अंदाज़ में अवाम को भरोसा दिलाया है कि वाल्मीकि नगर बराज से छोड़े जा रहे पानी के डिस्चार्ज में लगातार कमी आ रही है। वर्तमान जलस्तर तटबंधों की बर्दाश्त करने की हद से काफ़ी नीचे है। उन्होंने साफ़ किया कि हमारे तटबंध छह से साढ़े छह लाख क्यूसेक पानी का दबाव आसानी से झेलने की क्षमता रखते हैं। तकनीकी टीमें और प्रशासनिक अमला ज़मीन पर डटकर हालात की पल-पल की निगरानी कर रहा है, इसलिए फ़िलहाल किसी भी तरह के ख़ौफ़ या अफ़वाहों में आने की बिल्कुल ज़रूरत नहीं है।

रिपोर्ट- नमोनारायण मिश्रा