Bihar News : गोपालगंज में भाई ही निकला संतोष हत्याकांड का मास्टरमाइंड, पड़ोसियों को फंसाने के लिए रची साजिश, थानाध्यक्ष हुए सस्पेंड

Bihar News : गोपालगंज के मीरगंज थाना क्षेत्र में हुए संतोष कुमार हत्याकांड का पुलिस ने सनसनीखेज खुलासा किया है। जहाँ मृतक का भाई ही साजिशकर्ता निकला है..........पढ़िए आगे

भाई ने रची हत्या की साजिश - फोटो : NAMO NARAYAN

GOPALGANJ : बिहार के गोपालगंज जिले के मीरगंज थाना क्षेत्र से एक बेहद सनसनीखेज और चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहाँ हुए संतोष कुमार हत्याकांड का पुलिस ने पूरी तरह से पर्दाफाश कर दिया है। वारदात के बाद शुरुआती दौर में जिन पड़ोसियों पर हत्या का आरोप लगाया गया था, वे पुलिस की गहन तफ्तीश में पूरी तरह निर्दोष पाए गए हैं। इस पूरे खूनी खेल का मास्टरमाइंड कोई और नहीं, बल्कि खुद मृतक का सगा भाई निकला, जिसने बेहद शातिराना अंदाज में इस पूरी वारदात को अंजाम दिया था।

पुलिस जांच और खुलासे के अनुसार, मृतक के भाई रामकिशोर यादव ने अपने एक दोस्त राज किशोर के साथ मिलकर अपने ही सगे मूक-बधिर (बोलने और सुनने में अक्षम) भाई संतोष कुमार की बेरहमी से हत्या की पूरी साजिश रची थी। इस हत्याकांड के पीछे की वजह सिर्फ भाई की हत्या करना नहीं, बल्कि एक तीर से दो शिकार करना था। आरोपी भाई ने हत्या का आरोप अपने पड़ोसियों पर मढ़कर उन्हें जेल भिजवाने और बाद में डरा-धमकाकर उनकी कीमती जमीन पर कब्जा करने का एक बड़ा षड्यंत्र रचा था।

मामले की वैज्ञानिक और तकनीकी जांच के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी भाई रामकिशोर यादव और उसके मददगार दोस्त राज किशोर को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने इन दोनों आरोपियों की निशानदेही पर हत्या की वारदात में इस्तेमाल किया गया घातक हथियार भी बरामद कर लिया है। पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है, जिसके बाद उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।

इस पूरे मामले में पुलिस महकमे के भीतर भी एक बड़ी गाज गिरी है। हत्याकांड की शुरुआत में बिना किसी ठोस सबूत और पर्याप्त जांच-पड़ताल के ही मीरगंज पुलिस ने आनन-फानन में तीन निर्दोष पड़ोसियों को पकड़कर जेल भेज दिया था। इस गंभीर लापरवाही और गलत तफ्तीश को लेकर जिला पुलिस कप्तान (एसपी) ने कड़ा रुख अपनाया है। कर्तव्यहीनता के आरोप में मीरगंज के थानाध्यक्ष (एसएचओ) दुर्गानंद मिश्रा को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है और उनके खिलाफ विभागीय जांच शुरू कर दी गई है।

संतोष हत्याकांड के इस सनसनीखेज खुलासे के बाद पूरे मीरगंज इलाके में तरह-तरह की चर्चाएं हो रही हैं। लोग जहां एक तरफ सगे भाई के इस कसाई रूप को देखकर हैरान हैं, वहीं दूसरी तरफ निर्दोष लोगों को जेल भेजने वाली पुलिसिया कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठा रहे थे, जिस पर अब वरिष्ठ अधिकारियों ने कार्रवाई कर न्याय का भरोसा दिलाया है। फिलहाल पुलिस जेल भेजे गए तीनों निर्दोष लोगों को कानूनी प्रक्रिया के तहत जल्द से जल्द रिहा कराने के प्रयास में जुट गई है। 

नमो नारायण की रिपोर्ट