भारत-नेपाल सीमा पर फिर एक उज्बेकिस्तानी महिला गिरफ्तार, बार्डर पर बढ़ाई गई चौकसी
पूर्वी चंपारण जिले में भारत-नेपाल अंतरराष्ट्रीय सीमा पर पुलिस और एसएसबी की संयुक्त टीम ने रक्सौल बॉर्डर से उज्बेकिस्तान की एक महिला नागरिक को गिरफ्तार किया है। 10 दिनों के अंदर यह दूसरी बार हुआ है। जिसके बाद बार्डर पर चौकसी बढ़ा दी गई है....
Motihari : बिहार के पूर्वी चंपारण जिले में भारत-नेपाल अंतरराष्ट्रीय सीमा पर सुरक्षा एजेंसियों को एक बड़ी कामयाबी मिली है। पुलिस और सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) की संयुक्त टीम ने रक्सौल बॉर्डर से उज्बेकिस्तान की एक महिला नागरिक को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार विदेशी महिला पर बिना किसी वैध दस्तावेज के अवैध रूप से भारत में रहने और चोरी-छिपे नेपाल सीमा में प्रवेश करने का प्रयास करने का गंभीर आरोप है।
मैत्री ब्रिज के पास चेकिंग के दौरान संदिग्ध गतिविधियों पर दबोची गई महिला
पुलिस के मुताबिक, शनिवार को हरैया थाना पुलिस और एसएसबी की संयुक्त टीम भारत-नेपाल सीमा पर स्थित मैत्री ब्रिज के पास एक नियमित जांच अभियान चला रही थी। इसी दौरान भारत से नेपाल की ओर पैदल जा रही एक विदेशी महिला की गतिविधियां संदिग्ध प्रतीत हुईं। सुरक्षाकर्मियों ने जब उसे रोककर पूछताछ की, तो वह घबरा गई। जब उससे भारत में रहने से संबंधित पासपोर्ट, वीजा और आव्रजन (इमिग्रेशन) के कागजात मांगे गए, तो वह कोई भी वैध दस्तावेज पेश नहीं कर सकी।
एक साल से मुंबई में छिपी थी विदेशी नागरिक, केंद्रीय जांच एजेंसियां अलर्ट
कड़ाई से की गई विस्तृत पूछताछ में महिला ने स्वीकार किया कि वह उज्बेकिस्तान की नागरिक है। उसने सुरक्षा एजेंसियों के सामने एक बड़ा खुलासा करते हुए बताया कि वह पिछले करीब एक साल से देश की आर्थिक राजधानी मुंबई में अवैध रूप से रह रही थी। मुंबई से भागकर वह रक्सौल बॉर्डर के रास्ते नेपाल में प्रवेश करने की फिराक में थी। महिला की गिरफ्तारी के बाद स्थानीय पुलिस ने मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए केंद्रीय जांच एजेंसियों को भी इसकी सूचना दे दी है।
विदेशी नागरिक अधिनियम के तहत मामला दर्ज, कड़ी कानूनी कार्रवाई शुरू
अवैध रूप से सीमा पार करने की कोशिश के इस मामले में हरैया थाना पुलिस ने उज्बेकिस्तान की महिला के खिलाफ विदेशी नागरिक अधिनियम (फॉरेनर्स एक्ट) और आव्रजन नियमों के उल्लंघन के तहत मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस ने महिला को आधिकारिक रूप से गिरफ्तार कर लिया है और उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेजने की वैधानिक प्रक्रिया पूरी की जा रही है। खुफिया एजेंसियां अब इस बात की जांच कर रही हैं कि महिला के तार किन-किन लोगों से जुड़े थे।
10 दिनों के भीतर दूसरी विदेशी महिला गिरफ्तार, इंडो-नेपाल बॉर्डर पर बढ़ाई गई चौकसी
गौरतलब है कि भारत-नेपाल सीमा पर विदेशी नागरिकों की घुसपैठ का यह कोई पहला मामला नहीं है। इससे पहले बीते 7 जुलाई को भी पूर्वी चंपारण के हरपुर थाना क्षेत्र से यूक्रेन की एक महिला को बिना पासपोर्ट-वीजा के नेपाल भागते हुए पकड़ा गया था। महज 10 दिनों के भीतर दो विदेशी महिलाओं की गिरफ्तारी के बाद भारत-नेपाल बॉर्डर पर हाई अलर्ट घोषित कर दिया गया है। एसएसबी और स्थानीय पुलिस ने सीमा पर पैनी नजर रखते हुए गश्त और जांच अभियान को और ज्यादा कड़ा कर दिया है।
ब्यूरो रिपोर्ट