Bihar News : मोतिहारी कोर्ट का बड़ा फैसला, चर्चित आदापुर हत्याकांड में 7 दोषियों को सुनायी उम्रकैद की सजा, 33-33 हजार रुपये का लगा जुर्माना

Bihar News : पूर्वी चंपारण के चर्चित आदापुर हत्याकांड में न्यायालय ने बड़ा फैसला सुनाते हुए सात दोषियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।.....पढ़िए आगे

आजीवन कारावास की सजा - फोटो : HIMANSHU

MOTIHARI : पूर्वी चंपारण (मोतिहारी) की एक अदालत ने जिले के बहुचर्चित आदापुर हत्याकांड में ऐतिहासिक फैसला सुनाया है। मोतिहारी पुलिस द्वारा कोर्ट में पेश किए गए वैज्ञानिक व पुख्ता साक्ष्यों और मजबूत चार्जशीट के आधार पर अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश (द्वितीय) ने मामले की गंभीरता को देखते हुए सभी सात आरोपियों को दोषी करार दिया। अदालत ने इन सभी दोषियों को भादंवि (IPC) की सुसंगत धाराओं के तहत आजीवन कारावास (उम्रकैद) की सख्त सजा सुनाई है।

सलाखों के पीछे भेजने का आदेश 

यह ऐतिहासिक फैसला आदापुर थाना कांड संख्या-210/21 (एसटीआर संख्या-709/21) से जुड़े हत्याकांड मामले में त्वरित विचारण (फास्ट ट्रैक ट्रायल) के तहत सुनाया गया है। न्यायालय ने न केवल सभी आरोपियों को जेल की सलाखों के पीछे भेजने का आदेश दिया, बल्कि न्याय के सिद्धांतों को मजबूत करते हुए प्रत्येक दोषी पर 33-33 हजार रुपये का आर्थिक दंड (जुर्माना) भी मुकर्रर किया है।

सजा पाने वाले दोषियों की सूची

सजा पानेवालों में कृष्ण मोहन सिंह (निवासी: बैरिया गांव, थाना आदापुर), अनोज सिंह (निवासी: बैरिया गांव, थाना आदापुर), रंजीत सिंह (निवासी: बैरिया गांव, थाना आदापुर), चुनचुन उर्फ देवेंद्र सिंह (निवासी: बैरिया गांव, थाना आदापुर), विजयजीत सिंह (निवासी: बैरिया गांव, थाना आदापुर), वीरेंद्र सिंह (निवासी: बैरिया गांव, थाना आदापुर), प्रवीण सिंह (निवासी: बैरिया गांव, थाना आदापुर) शामिल हैं। 

बचाव पक्ष के पास मौका नहीं 

न्यायालय में सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की अकाट्य दलीलों और पुलिस टीम द्वारा की गई सटीक विवेचना को अदालत ने पूरी तरह सही माना। अभियोजन ने कोर्ट के सामने गवाहों और तकनीकी साक्ष्यों को इस तरह पेश किया कि बचाव पक्ष के पास आरोपों को खारिज करने का कोई मौका नहीं बचा। कानून के जानकारों का कहना है कि हत्या जैसे जघन्य अपराधों में प्रभावी अनुसंधान और मजबूत पैरवी की बदौलत ही इतनी बड़ी सफलता मिली है।

पुलिस ने जताया संतोष

इस बड़े फैसले के बाद जिला पुलिस के आला अधिकारियों ने संतोष व्यक्त करते हुए कहा कि अपराधियों के खिलाफ साक्ष्य आधारित कार्रवाई और कोर्ट में प्रभावी मॉनिटरिंग का ही यह सुखद परिणाम है। पुलिस कप्तान ने पूरी टीम की पीठ थपथपाते हुए कहा कि गंभीर मामलों में दोषियों को ऐसी सख्त सजा मिलने से समाज में कानून का राज और अधिक मजबूत होगा तथा अपराध की राह पर चलने वालों के बीच खौफ का माहौल बनेगा।

हिमांशु की रिपोर्ट