Bihar Crime : मुजफ्फरपुर में 'बुलडोजर' वाली कार्रवाई, 226 अपराधियों के घर एक साथ कुर्की, दहशत में 38 ने किया सरेंडर
Bihar Crime : मुजफ्फरपुर में अभियुक्तों के खिलाफ पुलिस ने बुलडोजर वाली कार्रवाई की है. डर से 38 ने सरेंडर कर दिया......पढ़िए आगे
MUZAFFARPUR : जिले के वरीय पुलिस अधीक्षक (SSP) कांतेश कुमार मिश्रा के निर्देश पर आज मुजफ्फरपुर पुलिस ने अपराधियों के खिलाफ अब तक का सबसे बड़ा 'महाअभियान' चलाया। विभिन्न आपराधिक घटनाओं को अंजाम देकर लंबे समय से फरार चल रहे आरोपियों के खिलाफ पुलिस ने एक साथ कुर्की-जब्ती की कार्रवाई शुरू की। पुलिस की इस दबिश का असर यह हुआ कि घर कुर्क होने के डर से 38 कुख्यात अपराधियों ने या तो थाने में आत्मसमर्पण कर दिया या पुलिस द्वारा गिरफ्तार कर लिए गए।
एसएसपी कांतेश कुमार मिश्रा ने बताया कि जिले के सभी थानों को कोर्ट से प्राप्त निर्देशों के आधार पर लंबित मामलों के फरार आरोपियों की सूची तैयार करने को कहा गया था। इसी क्रम में आज अलग-अलग थाना क्षेत्रों में कुल 226 फरार आरोपियों के घरों पर एक साथ कुर्की-जब्ती की कार्रवाई की गई। इस महाअभियान का उद्देश्य उन अपराधियों पर नकेल कसना है जो कानून की पकड़ से बचने के लिए फरार चल रहे थे।
इस अभियान के दौरान मुजफ्फरपुर की सड़कों पर 'यूपी मॉडल' जैसी कार्रवाई भी देखने को मिली। पुलिस की टीम कई इलाकों में बुलडोजर और दलबल के साथ पहुँची। जैसे ही पुलिस ने फरार अपराधियों के घरों के दरवाजे और खिड़कियां उखाड़ना शुरू किया, पूरे इलाके में हड़कंप मच गया। बुलडोजर वाली इस सख्त कार्रवाई ने अपराधियों के बीच कड़ा संदेश भेजा है कि अब भागने का कोई रास्ता नहीं बचा है।
कार्रवाई के दौरान 38 आरोपियों की गिरफ्तारी और आत्मसमर्पण को पुलिस अपनी बड़ी सफलता मान रही है। पकड़े गए आरोपी हत्या, लूट, रंगदारी और आर्म्स एक्ट जैसे गंभीर मामलों में वांछित थे। एसएसपी ने स्पष्ट किया कि जो अपराधी अब भी पुलिस की गिरफ्त से बाहर हैं, उनके घरों की एक-एक ईंट तक उखाड़ ली जाएगी। इस कार्रवाई से जिले में सक्रिय अन्य अपराधियों के हौसले भी पस्त पड़ गए हैं।
वरीय पुलिस अधीक्षक ने मीडिया से बात करते हुए साफ लहजे में चेतावनी दी कि यह अभियान यहीं रुकने वाला नहीं है। कानून व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए आने वाले दिनों में भी इस तरह का महाअभियान जारी रहेगा। उन्होंने आम जनता से भी अपील की है कि वे अपराधियों को पनाह न दें और पुलिस का सहयोग करें। इस व्यापक कार्रवाई के बाद जिले के ग्रामीण और शहरी इलाकों में पुलिस का खौफ साफ देखा जा रहा है।
मणिभूषण की रिपोर्ट