Bihar Crime: मुजफ्फरपुर में गैंगवार का खूनी खेल! कुख्यात शूटर गोविंद शर्मा की गोलियों से भूनकर हत्या, बाबुल चौधरी ने ली हत्या की जिम्मेदारी

Bihar Crime: कुख्यात शूटर गोविंद शर्मा हत्याकांड के बाद एक और चौंकाने वाला दावा सामने आया है।...

शूटर गोविंद शर्मा को बाबुल चौधरी ने मारा !- फोटो : reporter

Bihar Crime: बिहार के मुजफ्फरपुर में एक बार फिर गैंगवार की खूनी पटकथा लिखी गई है। मिठनपुरा थाना क्षेत्र में रविवार देर शाम शंभू-मंटू गिरोह से जुड़े बताए जाने वाले कुख्यात शूटर गोविंद शर्मा की सरेआम गोली मारकर हत्या कर दी गई। ताबड़तोड़ फायरिंग में गोविंद शर्मा की मौके पर ही मौत हो गई, जिससे इलाके में दहशत और सनसनी फैल गई।

इस हत्याकांड के बाद एक और चौंकाने वाला दावा सामने आया है। तुर्की छाजन निवासी कुख्यात अपराधी बाबुल चौधरी ने कथित तौर पर पत्रकारों को फोन कर इस हत्या की जिम्मेदारी ली है। उसने दावा किया कि गोविंद शर्मा और वह पहले एक साथ काम करते थे, लेकिन बाद में पैसों के लेन-देन को लेकर दोनों के बीच गंभीर विवाद हो गया था।

बताया जा रहा है कि बाबुल चौधरी ने बातचीत में कहा कि “अगर हम नहीं मारते तो वह मुझे मार देता।” हालांकि, उसके इस दावे की आधिकारिक पुष्टि पुलिस की जांच के बाद ही हो सकेगी। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की विभिन्न पहलुओं से जांच कर रही है।

जानकारी के अनुसार यह वारदात छोटी कल्याणी से अमर सिनेमा हॉल जाने वाली सड़क पर स्थित आईकॉन टावर प्लाजा में हुई। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, दो नकाबपोश और हथियारबंद हमलावर अचानक परिसर में दाखिल हुए और गोविंद शर्मा को निशाना बनाकर कई राउंड फायरिंग कर दी। हमले की तीव्रता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि गोविंद को संभलने तक का मौका नहीं मिला और उसने घटनास्थल पर ही दम तोड़ दिया।

घटना ऐसे समय हुई है जब राज्य के वरिष्ठ नेताओं का मुजफ्फरपुर दौरा प्रस्तावित है और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस पहले से अलर्ट मोड में थी। इसके बावजूद शहर के बीचों-बीच हुई इस हत्या ने कानून-व्यवस्था को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं।

वारदात की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और पूरे इलाके की घेराबंदी कर जांच शुरू कर दी। सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं तथा हमलावरों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए विशेष टीमों को लगाया गया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही पूरे मामले का खुलासा किया जाएगा।

रिपोर्ट- मणिभूषण शर्मा