मुजफ्फरपुर के पारू में गंडक नदी का पुराना तटबंध टूटा : तेजी से फैल रहा पानी, मौके पर पहुंचे डीएम

गंडक नदी उत्तर बिहार के कई जिलों में भारी तबाही मचा रही है। मुजफ्फरपुर जिले में गंडक नदी का पुराना तटबंद टूट गया है। तटबंध टूटने के साथ ही नदी का पानी नए इलाकों में फैलने लगा है। घटना की सूचना मिलते ही डीएम मौके पर पहुंच हालात का जायजा ले रहे है....

मुजफ्फरपुर के पारू में गंडक नदी का पुराना तटबंध टूटा- फोटो : मणिभूषण

Muzaffarpur : जिले के पारू प्रखंड अंतर्गत जयमल डूंमरी क्षेत्र में नारायणी गंडक नदी का पुराना तटबंध अचानक टूट गया। तटबंध टूटने के साथ ही नदी का पानी भीषण वेग से नए इलाकों में फैलने लगा है। इस अचानक हुई घटना के बाद स्थानीय ग्रामीणों के बीच अफरा-तफरी का माहौल कायम हो गया है और निचले इलाकों में जलभराव व बाढ़ का खतरा तेजी से बढ़ गया है।


नए रिहाइशी क्षेत्रों की ओर बढ़ा जलस्तर, ग्रामीणों में दहशत

पुराने तटबंध के क्षतिग्रस्त होने के बाद गंडक नदी का उफनता पानी तेजी से कृषि योग्य भूमि और नए आवासीय क्षेत्रों में प्रवेश कर रहा है। पानी का बहाव इतना तेज है कि देखते ही देखते निचले इलाकों में जलस्तर काफी बढ़ गया है। अचानक पानी फैलने से स्थानीय लोग अपने मवेशियों और कीमती सामान को सुरक्षित स्थानों पर पहुँचाने की कोशिशों में जुट गए हैं।


मौके पर पहुंचे डीएम कुमार गौरव, राहत कार्यों का लिया जायजा

घटना की सूचना मिलते ही मुजफ्फरपुर के जिलाधिकारी कुमार गौरव स्वयं दल-बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। डीएम ने तटबंध पर मौजूद रहकर स्थिति का जायजा लिया और अधिकारियों को मुस्तैद रहने का निर्देश दिया। वे मौके पर मौजूद रहकर प्रशासनिक एवं तकनीकी टीम द्वारा चलाए जा रहे राहत व बचाव कार्यों का सीधा निरीक्षण कर रहे हैं।


नए तटबंध को बचाने के लिए युद्ध स्तर पर प्रयास जारी

घटनास्थल पर जल संसाधन विभाग और जिला प्रशासन की प्राथमिकता नए तटबंध की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। यदि नया तटबंध प्रभावित होता है, तो स्थिति और भी भयावह हो सकती है। इसी को ध्यान में रखते हुए अभियंताओं की टीम कटावरोधी सामग्रियों और बालू की बोरियों की मदद से नए तटबंध को मजबूत करने और पानी के फैलाव को रोकने के काम में जुटी हुई है।


प्रशासनिक अलर्ट जारी, स्थिति पर रखी जा रही नजर

तटबंध टूटने के बाद क्षेत्र में किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर है। प्रभावित क्षेत्र में प्रशासनिक अधिकारियों और पुलिस बल की तैनाती कर दी गई है। स्थानीय प्रशासन द्वारा लगातार स्थिति पर निगरानी रखी जा रही है ताकि ग्रामीणों को सुरक्षित रखते हुए जलभराव की समस्या को जल्द से जल्द नियंत्रित किया जा सके।


मणिभूषण की रिपोर्ट