फरियादियों से बदतमीजी करना अपर थानाध्यक्ष को पड़ी भारी, SSP ने किया सस्पेंड, पुलिस विभाग में खलबली

Bihar Police: जानकारी मांगने वालों से अपर थानाध्यक्ष का लहजा कड़क नहीं, बल्कि कड़वा था जिससे लोगों में नाराजगी और खौफ दोनों पैदा हो रहा था। बदसलूकी ने उसे सीधे सस्पेंशन की राह पर पहुंचा दिया...

अपर थानाध्यक्ष सस्पेंड- फोटो : reporter

Bihar Police: पुलिस मुख्यालय बार-बार ये फरमान जारी करता है कि थाने में आने वाला हर शख्स इज्जत और आदर का हकदार है। मगर यहां तो आदेश की धज्जियां उड़ती दिखीं। खाकी वर्दी में तैनात एक अफसर की बदसलूकी ने उसे सीधे सस्पेंशन की राह पर पहुंचा दिया। मुजफ्फरपुर के बेनीबाद ओपी के अपर थानाध्यक्ष दीपक कुमार पर इल्ज़ाम था कि वो फरियाद लेकर आने वाले आम लोगों से न सिर्फ़ रूखा-सूखा बल्कि शिष्टाचार के दायरे से बाहर जाकर बात करते थे। मामला इतना गरमाया कि शिकायतों का अंबार SSP कांतेश कुमार मिश्रा तक जा पहुंचा और फिर चला हंटर!

पुलिस मुख्यालय बार-बार ये फरमान जारी करता है कि थाने में आने वाला हर शख्स इज्जत और अदब का हकदार है। मगर यहां तो आदेश की धज्जियां उड़ती दिखीं। सूत्रों के मुताबिक फोन पर जानकारी मांगने वालों से भी दीपक कुमार का लहजा कड़क नहीं, बल्कि कड़वा था जिससे लोगों में नाराज़गी और खौफ दोनों पैदा हो रहा था।

लगातार मिल रही शिकायतों के बाद SSP कांतेश कुमार मिश्रा ने मामले को हल्के में नहीं लिया। जांच की जिम्मेदारी DSP ईस्ट अलय वत्स को सौंपी गई। तहकीकात के दौरान जो हकीकत सामने आई, उसने पूरे महकमे को हिला दिया इल्ज़ाम सही पाए गए। रिपोर्ट सीधे SSP के पास पहुंची और फिर बिना देर किए कानूनी करंट दौड़ा दीपक कुमार को सस्पेंड कर दिया गया।

इस कार्रवाई ने साफ संदेश दे दिया है कि वर्दी का रौब दिखाकर आम लोगों की इज्जत से खिलवाड़ करने वालों की अब खैर नहीं। SSP का ये कदम बाकी पुलिसकर्मियों के लिए सख्त इशारा है कि या तो शिष्टाचार से पेश आओ, वरना कुर्सी हाथ से जाएगी।

अब सवाल ये है कि क्या ये कार्रवाई पुलिस महकमे में रिफॉर्म की नई शुरुआत बनेगी या फिर कुछ दिन बाद सब कुछ फिर पहले जैसा हो जाएगा? फिलहाल, बेनीबाद ओपी का ये मामला पूरे जिले में चर्चा का हॉट टॉपिक बना हुआ है।

रिपोर्ट- मणिभूषण शर्मा