DTO ऑफिस में निगरानी ब्यूरो की बड़ी कार्रवाई! गाड़ी ट्रांसफर के लिए घूस लेते बड़ा बाबू दलाल संग गिरफ्तार

बेगूसराय DTO ऑफिस में निगरानी ब्यूरो की बड़ी कार्रवाई! गाड़ी ट्रांसफर करने के नाम पर ₹6,000 की रिश्वत लेते बड़ा बाबू संजय और उनका निजी दलाल शिवानंद रंगे हाथों गिरफ्तार। निगरानी थाना कांड संख्या 63/26 के तहत मामला दर्ज।

बेगूसराय DTO ऑफिस में निगरानी ब्यूरो की बड़ी कार्रवाई- फोटो : news 4 nation AI

बिहार में भ्रष्टाचार के खिलाफ चल रहे अभियान के तहत निगरानी अन्वेषण ब्यूरो (पटना) की टीम ने एक बड़ी कार्रवाई की है। बेगूसराय जिला परिवहन कार्यालय (DTO) में तैनात बड़ा बाबू संजय कुमार और उनके निजी दलाल शिवानंद को रंगे हाथों रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार कर लिया गया है। इस कार्रवाई से पूरे कार्यालय और प्रशासनिक हलके में हड़कंप मच गया है। निगरानी की टीम दोनों आरोपियों को हिरासत में लेकर आगे की कानूनी प्रक्रिया के लिए पटना रवाना हो गई है।


गाड़ी ट्रांसफर के नाम पर मांगी थी 6,000 रुपये की रिश्वत

मिली जानकारी के अनुसार, यह पूरी कार्रवाई वाहन के स्वामित्व हस्तांतरण (गाड़ी ट्रांसफर) के मामले में की गई है। एक पीड़ित व्यक्ति अपनी गाड़ी का ट्रांसफर कराने के लिए लंबे समय से डीटीओ कार्यालय के चक्कर काट रहा था। कार्य पूरा करने के एवज में बड़ा बाबू संजय कुमार और उनके दलाल शिवानंद द्वारा ₹6,000 की रिश्वत की मांग की जा रही थी। पीड़ित द्वारा इसकी शिकायत पटना स्थित निगरानी अन्वेषण ब्यूरो से किए जाने के बाद मामले का सत्यापन कराया गया, जो पूरी तरह सही पाया गया।

जाल बिछाकर केमिकल लगे नोटों के साथ रंगे हाथों दबोचा

शिकायत की पुष्टि होने के बाद निगरानी ब्यूरो के डीएसपी के नेतृत्व में एक विशेष धावा दल (ट्रैप टीम) का गठन किया गया। शुक्रवार को तय रणनीति के तहत जैसे ही पीड़ित ने बेगूसराय डीटीओ कार्यालय में बड़ा बाबू संजय और दलाल शिवानंद को केमिकल लगे ₹6,000 की रिश्वत की राशि सौंपी, वैसे ही पहले से घात लगाए बैठी निगरानी की टीम ने दोनों को रंगे हाथों दबोच लिया। इसके बाद जब आरोपियों के हाथ धुलवाए गए, तो उनका रंग गुलाबी हो गया, जो रिश्वत लेने का पुख्ता सबूत है।

निगरानी थाना कांड संख्या 63/26 दर्ज, आगे की कार्रवाई जारी

निगरानी अन्वेषण ब्यूरो ने इस पूरी कार्रवाई के बाद दोनों आरोपियों के खिलाफ पटना स्थित निगरानी थाने में कांड संख्या 63/26 के तहत प्राथमिकी (FIR) दर्ज कर ली है। ब्यूरो के अधिकारियों का कहना है कि दोनों आरोपियों को विशेष निगरानी अदालत में पेश किया जाएगा। इस सफल कार्रवाई के बाद स्थानीय लोगों में खुशी है, वहीं बेगूसराय के सरकारी विभागों में रिश्वतखोर अधिकारियों और उनके दलालों के बीच भारी खौफ का माहौल देखा जा रहा है।

रिपोर्ट - अनिल कुमार