Bihar inspection of sweet shops: मोतिहारी से पटना और गया तक खाद्य विभाग की जांच, नियमों में लापरवाही पर कार्रवाई, 3.62 लाख के खाद्य पदार्थ जब्त, 78,300 का सामान नष्ट

Bihar inspection of sweet shops: बिहार के मोतिहारी में खाद्य विभाग ने तीन दुकानों से 3.62 लाख रुपये के खाद्य पदार्थ जब्त किए और 78,300 रुपये का सामान नष्ट किया। पटना और गया में भी जांच के दौरान कमियां मिलीं।

Bihar inspection of sweet shops: बिहार में आम लोगों को सुरक्षित एवं गुणवत्तापूर्ण खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराने और खाद्य प्रतिष्ठानों में स्वच्छता तथा निर्धारित मानकों का पालन सुनिश्चित कराने के उद्देश्य से स्वास्थ्य विभाग की खाद्य संरक्षा इकाई ने मोतिहारी एवं पटना में जांच की। मोतिहारी के तीन प्रतिष्ठानों में कार्रवाई के दौरान कुल 3,62,640 रुपये मूल्य के 3,120 किलोग्राम खाद्य पदार्थ जब्त किए गए तथा 78,300 रुपये मूल्य के 170 किलोग्राम खाद्य पदार्थ नष्ट किए गए। गुणवत्ता की जांच के लिए छह नमूने भी लिए गए। वहीं, पटना में एक प्रतिष्ठान की जांच में आवश्यक रिपोर्ट एवं प्रमाणपत्र उपलब्ध नहीं मिलने पर 14 दिनों का सुधार नोटिस दिया गया।


मोतिहारी के तीन प्रतिष्ठानों में हुई जांच


खाद्य संरक्षा टीम ने मोतिहारी में पानी टंकी मेन रोड स्थित मेसर्स अन्नपूर्णा पिज्जा हट, बेलही देवी मंदिर स्थित मेसर्स माँ अन्नपूर्णा स्वीट्स, बेकरी एंड स्नैक्स तथा गाजा चौक स्थित मेसर्स वैष्णो ट्रेडर्स की जांच की। इन प्रतिष्ठानों में की गई कार्रवाई के दौरान 78,000 रुपये मूल्य का 130 किलोग्राम खोवा, 2,53,200 रुपये मूल्य का 2,692 किलोग्राम मिल्क केक एवं डोडा, 10,340 रुपये मूल्य की 94 किलोग्राम सोनपापड़ी, 9,000 रुपये मूल्य का 100 किलोग्राम शाही लड्डू, 7,200 रुपये मूल्य की 90 किलोग्राम स्पेशल बर्फी, 400 रुपये मूल्य का चार किलोग्राम पेड़ा तथा 4,500 रुपये मूल्य की 10 किलोग्राम किशमिश जब्त की गई। जब्त खाद्य पदार्थों का कुल मूल्य 3,62,640 रुपये है।


इसके अतिरिक्त 6,300 रुपये मूल्य का 60 किलोग्राम बेसन, 40,000 रुपये मूल्य का 40 किलोग्राम खोवा तथा 32,000 रुपये मूल्य का 70 किलोग्राम मिल्क केक नष्ट किया गया। नष्ट किए गए खाद्य पदार्थों का कुल मूल्य 78,300 रुपये है। जांच के लिए खोवा, काजू, सोनपापड़ी, बर्फी, मिल्क केक तथा किशमिश के कुल छह नमूने लिए गए और खाद्य प्रयोगशाला भेजा गया। माँ अन्नपूर्णा स्वीट्स, बेकरी एंड स्नैक्स को साफ-सफाई सुनिश्चित करने के निर्देश के साथ दो दिनों के लिए बंद किया गया।


पटना के गोकुल प्रतिष्ठान में जांच, सुधार के निर्देश


पटना में गांधी मैदान के पूर्वी भाग में रीजेंट सिनेमा के निकट स्थित मेसर्स गोकुल की जांच की गई। निरीक्षण के दौरान कर्मियों की चिकित्सा जांच रिपोर्ट, पानी की जांच रिपोर्ट,  पेस्ट टेस्टिंग रिपोर्ट की जांच रिपोर्ट तथा FoSTaC प्रशिक्षण प्रमाणपत्र उपलब्ध नहीं पाया गया। प्रतिष्ठान से जांच के लिए बेसन के लड्डू का एक नमूना भी लिया गया और जांच के लिए खाद्य प्रयोगशाला भेजा गया।


पाई गई कमियों को दूर करने के लिए प्रतिष्ठान को 14 दिनों का सुधार नोटिस दिया गया है। नोटिस में 15वें दिन कमियों के निराकरण का प्रमाण कार्यालय में प्रस्तुत करने का निर्देश है। अनुपालन का प्रमाण प्रस्तुत नहीं करने पर अनुज्ञप्ति निलंबित करने तथा उसके बाद रद्द करने की कार्रवाई की जा सकती है।


गया जिले के रामपुर क्षेत्र स्थित प्रहलाद स्वीट्स की जांच


गया जिले में भी स्वास्थ्य विभाग की खाद्य संरक्षा इकाई ने शनिवार को रामपुर क्षेत्र स्थित प्रहलाद स्वीट्स का निरीक्षण किया। जांच के दौरान प्रतिष्ठान में कच्चे माल के भंडारण के लिए अलग कक्ष नहीं पाया गया। कच्ची सामग्री और तैयार खाद्य पदार्थ अस्वच्छ स्थान पर रखे मिले। खाद्य पदार्थों के रखरखाव और तैयारी में लगे कर्मियों द्वारा सिर ढकने के लिए कैप तथा दस्तानों का उपयोग नहीं किया जा रहा था। तैयार खाद्य पदार्थों को उचित तापमान पर रखने की व्यवस्था में भी कमी पाई गई। निरीक्षण के दौरान कीट नियंत्रण, पानी की जांच और खाद्य पदार्थों के रखरखाव में लगे कर्मियों की चिकित्सकीय जांच की रिपोर्ट उपलब्ध नहीं मिली। पैकेजिंग सामग्री के खाद्य उपयोग के योग्य होने से संबंधित प्रमाण भी प्रस्तुत नहीं किया गया। जांच टीम ने प्रतिष्ठान संचालक को सात दिनों के भीतर कमियां दूर करने तथा आवश्यक रिपोर्ट उपलब्ध कराने और उनका संधारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

 

खाद्य संरक्षा इकाई की जांच एवं कार्रवाई का उद्देश्य उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य की रक्षा करना और खाद्य प्रतिष्ठानों में गुणवत्ता, स्वच्छता तथा जवाबदेही को मजबूत बनाना है। खाद्य पदार्थों के नमूनों की जांच और प्रतिष्ठानों में पाई गई कमियों का निराकरण सुनिश्चित करने जैसे प्रयास सुरक्षित खाद्य व्यवस्था को सुदृढ़ करने में सहायक हैं। आम लोगों तक सुरक्षित एवं गुणवत्तापूर्ण खाद्य पदार्थों की उपलब्धता सुनिश्चित करना विभाग की प्राथमिकता है।

Kuldeep की रिपोर्ट