Bihar MLC election: पटना में नीरज कुमार की निर्णायक बढ़त, तिरहुत में बंसीधर ब्रजवासी ने JDU को चौंकाया, स्नातक सीटों पर सियासी सरगर्मी तेज

Bihar MLC election: बिहार विधान परिषद की स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों की मतगणना के दौरान राजनीतिक फिजा में लगातार रोमांच बना हुआ है।...

पटना में नीरज कुमार की निर्णायक बढ़त- फोटो : reporter

Bihar MLC election: बिहार विधान परिषद की स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों की मतगणना के दौरान राजनीतिक फिजा में लगातार रोमांच बना हुआ है। विभिन्न राउंड्स की गिनती के बाद चुनावी समर की तस्वीर तेजी से बदल रही है। शुरुआती रुझानों से लेकर अंतिम चरणों तक, प्रत्याशियों के बीच हार-जीत का अंतर और राजनीतिक दलों की ताकत का अंदाजा इस महामुकाबले में साफ तौर पर लगाया जा सकता है।

पटना स्नातक निर्वाचन सीट: जेडीयू की बढ़त और रोचक मुकाबला

पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के अंतिम और निर्णायक दौर की मतगणना में जनता दल यूनाइटेड  के प्रत्याशी नीरज कुमार ने शानदार बढ़त हासिल कर ली है। अंतिम राउंड की गिनती पूरी होने के बाद नीरज कुमार अपने निकटतम प्रतिद्वंदियों से 2,279 से अधिक वोटों से आगे निकल चुके हैं।

इस चुनावी दंगल में मिले आंकड़ों के अनुसार:

जेडीयू प्रत्याशी नीरज कुमार को कुल 16,193 मत प्राप्त हुए।

राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के उम्मीदवार दिलीप पटेल 13,914 मतों के साथ दूसरे स्थान पर रहे।

जन सुराज के प्रत्याशी अनुज सिंह (अनुज कुमार) 10,921 मत हासिल कर तीसरे पायदान पर रहे।

शुरुआती दौर में राजद के दिलीप पटेल आगे चल रहे थे, लेकिन पांचवें राउंड के बाद समीकरण पूरी तरह बदल गए और नीरज कुमार ने निर्णायक बढ़त बना ली। मतगणना केंद्र पहुँचने से पहले नीरज कुमार ने मंदिर में मत्था टेककर जीत का श्रेय अपनी मेहनत और समर्थकों के भरोसे को दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनके पास धन-बल या बाहुबल नहीं, बल्कि जनसमर्थन की असली ताकत है।

तिरहुत स्नातक निर्वाचन क्षेत्र: बंसीधर ब्रजवासी और अभिषेक झा में संघर्ष

दूसरी ओर, तिरहुत स्नातक निर्वाचन क्षेत्र की मतगणना में भी मुकाबला बेहद दिलचस्प और रोमांचक हो गया है। यहाँ निवर्तमान विधान पार्षद बंसीधर ब्रजवासी और जेडीयू समर्थित उम्मीदवार अभिषेक झा के बीच कड़ा मुकाबला देखने को मिल रहा है। छठे राउंड की मतगणना समाप्त होने के बाद बंसीधर ब्रजवासी 1,800 से अधिक वोटों की बढ़त के साथ आगे चल रहे हैं।

हालाँकि, अभिषेक झा उन्हें कड़ी टक्कर दे रहे हैं और मुकाबले को एकतरਫ होने से रोक रहे हैं। इस सीट पर राजद प्रत्याशी डॉ. रश्मि विनायक गौतम भी मैदान में हैं, जिससे यह त्रिकोणीय और कड़ा संघर्ष बन गया है। अभिषेक झा का इस बार का प्रदर्शन पिछले चुनावों के मुकाबले काफी बेहतर आंका जा रहा है।

बिहार विधान परिषद की इन सीटों के परिणाम राज्य की बदलती राजनीतिक नब्ज और मतदाताओं के मिजाज को दर्शाते हैं। स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों के इन रुझानों ने यह साबित कर दिया है कि यहाँ केवल दलीय वफादारी नहीं, बल्कि उम्मीदवारों का व्यक्तिगत प्रभाव और प्राथमिक व द्वितीयक वरीयता के वोट निर्णायक साबित हो रहे हैं। शेष सीटों के परिणाम आने के बाद राजनीतिक समीकरणों को नया आयाम मिलेगा।

रिपोर्ट- अभिजीत कुमार