अब घर बैठे होगा जमीन-फ्लैट का निबंधन, 75 वर्ष से अधिक के बुजुर्गों को बड़ी राहत, बिहार सरकार ने शुरू की ये सेवा

Bihar Property Registration: बिहार सरकार ने 75 वर्ष या उससे अधिक उम्र के वरिष्ठ नागरिकों के लिए संपत्ति निबंधन प्रक्रिया को आसान बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है।...

अब घर बैठे होगा जमीन-फ्लैट का निबंधन- फोटो : Hiresh Kumar

Bihar Property Registration: बिहार सरकार ने 75 वर्ष या उससे अधिक उम्र के वरिष्ठ नागरिकों के लिए संपत्ति निबंधन प्रक्रिया को आसान बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। अब बुजुर्गों को जमीन, प्लॉट या फ्लैट का निबंधन कराने के लिए निबंधन कार्यालय के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। वे घर बैठे ही पूरी प्रक्रिया पूरी करा सकेंगे। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने शनिवार को हाजीपुर निबंधन कार्यालय से इस नई डिजिटल सुविधा का शुभारंभ किया। यह पहल सात निश्चय-3 के तहत ‘सबका सम्मान, जीवन आसान’ कार्यक्रम का हिस्सा है।

नई व्यवस्था के लागू होने के बाद 75 वर्ष या उससे अधिक आयु के नागरिकों को लंबी कतारों, भीड़ और सफर की परेशानी से राहत मिलेगी। सरकार की मोबाइल रजिस्ट्रेशन यूनिट तय समय पर सीधे आवेदक के घर पहुंचेगी और वहीं दस्तावेजों का सत्यापन, बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन तथा निबंधन की पूरी प्रक्रिया पूरी करेगी।

इस सुविधा का लाभ लेने के लिए वरिष्ठ नागरिकों को सबसे पहले ई-निबंधन पोर्टल पर ऑनलाइन स्लॉट बुक करना होगा। स्लॉट मिलने के बाद विभाग की मोबाइल टीम निर्धारित तारीख और समय पर घर पहुंचेगी। टीम के पास इंटरनेट युक्त लैपटॉप, बायोमेट्रिक डिवाइस, वेबकैम और आधार प्रमाणीकरण की पूरी व्यवस्था होगी। निबंधन पूरा होने के बाद दस्तावेजों की पीडीएफ कॉपी पंजीकृत मोबाइल नंबर पर एसएमएस के माध्यम से उपलब्ध करा दी जाएगी।

सरकार ने स्पष्ट किया है कि यह सुविधा पूरी तरह वैकल्पिक होगी। जो वरिष्ठ नागरिक चाहें, वे पहले की तरह निबंधन कार्यालय जाकर भी अपनी संपत्ति का रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं। यानी नई डिजिटल व्यवस्था के साथ पुरानी प्रक्रिया भी जारी रहेगी।

स्लॉट बुकिंग के दौरान आवेदकों को आधार कार्ड की फोटो अपलोड करना अनिवार्य होगा, ताकि उनकी आयु का सत्यापन किया जा सके। विभाग का दावा है कि पूरी प्रक्रिया सुरक्षित, पारदर्शी और पूरी तरह डिजिटल होगी। फिलहाल यह सेवा पटना और हाजीपुर के 10 निबंधन कार्यालयों में शुरू की गई है, जिसे जल्द ही पूरे बिहार में लागू किया जाएगा।

इसके साथ ही मद्य निषेध, उत्पाद एवं निबंधन विभाग ने पेपरलेस निबंधन प्रणाली भी शुरू कर दी है। अब ई-निबंधन सॉफ्टवेयर के जरिए दस्तावेज तैयार होंगे, शुल्क की स्वचालित गणना होगी और ई-स्टांप, ई-चालान तथा आधार आधारित ई-साइन की सुविधा मिलेगी। इतना ही नहीं, निबंधन से पहले खरीदार को संपत्ति से जुड़ी पूरी जानकारी भी ऑनलाइन उपलब्ध कराई जाएगी। यदि किसी अतिरिक्त जानकारी की आवश्यकता होगी तो संबंधित अंचल या राजस्व अधिकारी 10 दिनों के भीतर उसका विवरण उपलब्ध कराएंगे। साथ ही, संपत्ति के सत्यापन के लिए जीआईएस तकनीक आधारित स्थल निरीक्षण की व्यवस्था भी शुरू कर दी गई है। यह पहल बिहार में डिजिटल गवर्नेंस को मजबूत करने और वरिष्ठ नागरिकों को सम्मानजनक एवं सुविधाजनक सेवाएं उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।

ब्यूरो रिपोर्ट