Bikram Crime News: जमालपुर गांव में आपसी विवाद में चंद्र भूषण यादव की हत्या, FSL जांच में जुटी

पटना जिले के बिक्रम थाना क्षेत्र के जमालपुर गांव में गोतिया विवाद के दौरान हुई मारपीट में चंद्र भूषण यादव की मौके पर ही मौत हो गई। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है और चार नामजद आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर छापेमारी शुरू कर दी है।

पटना के बिक्रम में खूनी संघर्ष - फोटो : Reporter

पटना जिले के बिक्रम थाना क्षेत्र अंतर्गत जमालपुर गांव में बुधवार की सुबह आपसी विवाद में अचानक खूनी संघर्ष छिड़ गया। सुबह करीब 7 बजे पट्टीदारों (गोतिया) के बीच शुरू हुई कहासुनी देखते ही देखते हिंसक मारपीट में बदल गई। इस घटना में चंद्र भूषण यादव और सरस्वती उर्फ शतीश यादव के पक्ष आमने-सामने आ गए। मारपीट के दौरान गंभीर रूप से चोटिल होने के कारण चंद्र भूषण यादव की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई, जिससे पूरे इलाके में सनसनी फैल गई।


पिता के आवेदन पर चार नामजद: पुलिस ने दर्ज की प्राथमिकी

वारदात के बाद मृतक के पिता बैकुंठ यादव ने बिक्रम थाने में लिखित आवेदन देकर इंसाफ की गुहार लगाई है। पीड़ित पिता के आवेदन पर पुलिस ने त्वरित संज्ञान लेते हुए नामजद प्राथमिकी दर्ज कर ली है। इस मामले में मुख्य आरोपी सरस्वती उर्फ शतीश यादव के अलावा देवेंद्र यादव, आकाश और आर्यन को नामजद अभियुक्त बनाया गया है। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए सभी आरोपियों के खिलाफ कानूनी शिकंजा कसना शुरू कर दिया है।


घटनास्थल पर पहुंची फॉरेंसिक टीम: साइंटिफिक साक्ष्य जुटाने में जुटी पुलिस

घटना की सूचना मिलते ही बिक्रम थाना पुलिस दलबल के साथ मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रण में लिया। मामले की संवेदनशीलता और पारदर्शी जांच को ध्यान में रखते हुए फॉरेंसिक साइंस लैब (FSL) की विशेष टीम को भी घटनास्थल पर बुलाया गया। FSL टीम ने मौके का बारीकी से मुआयना करते हुए खून के नमूने और अन्य महत्वपूर्ण वैज्ञानिक साक्ष्य एकत्र किए हैं, ताकि अदालत में आरोपियों के खिलाफ ठोस सबूत पेश किए जा सकें।


शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया: गांव में पुलिस बल तैनात

पुलिस ने कानूनी प्रक्रिया पूरी करते हुए मृतक चंद्र भूषण यादव के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए अनुमंडलीय अस्पताल भेज दिया है। घटना के बाद से ही जमालपुर गांव में दो पक्षों के बीच तनाव का माहौल बना हुआ है। किसी भी तरह की अप्रिय घटना या स्थिति को बिगड़ने से रोकने के लिए पुलिस गांव में लगातार गश्त कर रही है और पूरे घटनाक्रम पर बारीक नजर बनाए हुए है।


पालीगंज SDPO का बयान: आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी तेज

पालीगंज के अनुमंडल पुलिस अधिकारी (SDPO) के अनुसार, इस संबंध में सुसंगत धाराओं के तहत केस दर्ज कर आगे की विधि-सम्मत कार्रवाई की जा रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि दर्ज प्राथमिकी के आधार पर नामजद आरोपियों की धरपकड़ के लिए पुलिस की विशेष टीम लगातार संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही है। कानून को हाथ में लेने वाले सभी आरोपियों को जल्द ही गिरफ्तार कर जेल भेजा जाएगा।

बिक्रम ऋषिकेश की रिपोर्ट