Bihar News : पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना की मुख्य सचिव ने की समीक्षा, कहा ऋण के आवेदनों को 10 दिन में स्वीकृति करें बैंक
Bihar News : मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत ने 'पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना' के यूएलए (ULA) मॉडल की एक उच्चस्तरीय समीक्षा की। इस बैठक में जिलों में योजना की प्रगति की गहन समीक्षा की गई।
PATNA : पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के ULA मॉडल की सोमवार को मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत की अध्यक्षता में विस्तृत समीक्षा की गई। बैठक में जिला-वार प्रगति, लाभार्थियों को बैंक ऋण उपलब्ध कराने की स्थिति, रूफटॉप सोलर संयंत्रों की स्थापना तथा योजना के निर्धारित लक्ष्यों की समीक्षा की गई। मुख्य सचिव ने बैंकों के शीर्ष अधिकारियों को निर्देश दिया कि योजना से जुड़े सभी लंबित ऋण आवेदनों का 10 दिनों के अंदर स्वीकृति सुनिश्चित करें। उन्होंने पात्र लाभार्थियों के ऋण आवेदन को अनावश्यक रूप से रिजेक्ट नहीं करने तथा रिजेक्शन के कारणों की बैंक स्तर पर समीक्षा करने को कहा। जिन आवेदनों में आवश्यक कमियां हैं, उन्हें दूर कर पात्र लाभार्थियों को जल्द ऋण उपलब्ध कराने की दिशा में कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया। सभी बैंकों को राज्य के सभी जिलों में शाखा-वार समीक्षा करने का निर्देश दिया गया। विशेष रूप से उन तीन जिलों पर फोकस करने को कहा गया, जहां ऋण रिजेक्शन की दर अधिक है और ऋण स्वीकृति में अधिक समय लग रहा है। बैठक में स्पष्ट किया गया कि ऋण स्वीकृति के लिए बैंकों द्वारा लाभार्थियों से ऑनलाइन जमा किए गए दस्तावेजों के अतिरिक्त किसी अन्य आय प्रमाण संबंधी दस्तावेज की मांग नहीं की जाएगी। केवल संपत्ति के स्वामित्व अथवा बिजली बिल के स्वामित्व संबंधी विवरण में अंतर के आधार पर ऋण आवेदन को रिजेक्ट नहीं किया जाएगा।
DFS निदेशक ने बैंकिंग प्रक्रिया में तेजी लाने पर दिया जोर
बैठक में डिपार्टमेंट ऑफ फाइनेंशियल सर्विसेज (DFS) के संयुक्त सचिव ने कहा कि पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के पात्र लाभार्थियों को समय पर बैंक ऋण उपलब्ध कराना योजना की सफलता के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने बैंकों को ऋण आवेदन प्रक्रिया को सरल, पारदर्शी और समयबद्ध बनाने तथा लंबित आवेदनों का शीघ्र निस्तारण करने पर जोर दिया। ऋण स्वीकृति की अवधि 18 दिनों से घटाकर 10 दिन करने तथा ऋण रिजेक्शन की दर को 36 प्रतिशत से घटाकर 25 प्रतिशत करने का निर्देश बैंक अधिकारियों को दिया। उन्होंने कहा कि पात्र लाभार्थियों के आवेदन को अनावश्यक रूप से अस्वीकृत नहीं किया जाना चाहिए। ऑनलाइन आवेदन के साथ उपलब्ध दस्तावेजों के आधार पर ऋण प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जाए तथा अनावश्यक रूप से अतिरिक्त आय प्रमाण या अन्य दस्तावेजों की मांग नहीं की जाए। उन्होंने ऋण रिजेक्शन के कारणों की बैंक स्तर पर नियमित समीक्षा करने तथा रिजेक्शन रेट और ऋण स्वीकृति में लगने वाले समय को कम करने के लिए आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने की बात कही।एसएलबीसी एवं डीएलबीसी को जिला प्रशासन के साथ बेहतर समन्वय स्थापित कर कार्य करने का निर्देश दिया गया। वहीं, ऋण पात्रता के लिए 2 लाख तक लोन के लिए सिविल स्कोर की अनियमितता समाप्त करने के लिए जल्द दिशा-निर्देश दिए जाएंगे। डीएफएस (DFS) के निदेशक ने भी ऋण रिजेक्शन की दर और ऋण स्वीकृति में लगने वाले समय को कम करने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने बैंकिंग प्रक्रिया को सरल तथा पात्र लाभार्थियों को समय पर ऋण उपलब्ध कराने पर विशेष जोर दिया।
ऊर्जा सचिव ने दी जानकारी
बैठक में ऊर्जा सचिव एवं BSPHCL के अध्यक्ष-सह-प्रबंध निदेशक अजय यादव (भा. प्र. से.) ने ULA मॉडल के तहत विभिन्न जिलों में चल रहे कार्यों की प्रगति की जानकारी दी। उन्होंने रूफटॉप सोलर संयंत्रों की स्थापना और निर्धारित लक्ष्यों को समय पर पूरा करने के लिए किए जा रहे कार्यों से मुख्य सचिव को अवगत कराया। आईईसी (सूचना, शिक्षा एवं संचार) गतिविधियों की जिलाधिकारियों द्वारा निगरानी की जाएगी। जिलाधिकारियों को अपने-अपने जिलों में योजना के प्रचार-प्रसार एवं जागरूकता गतिविधियों की नियमित समीक्षा करने का निर्देश दिया गया। बैठक में सभी जिलों के जिलाधिकारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़े थे। इस अवसर पर NBPDCL के प्रबंध निदेशक राहुल कुमार (भा. प्र. से.), SBPDCL के प्रबंध निदेशक सौरव जोरवाल (भा. प्र. से.), बैंकों के शीर्ष अधिकारी, ULA मॉडल से जुड़ी एजेंसियों के शीर्ष अधिकारी तथा संबंधित विभागों के वरीय अधिकारी भी बैठक में मौजूद रहे।
नवंबर तक लक्ष्य पूरा करने का निर्देश
मुख्य सचिव ने योजना की मुख्यालय एवं जिला स्तर पर नियमित मॉनिटरिंग करने का निर्देश दिया। उन्होंने जिलाधिकारियों एवं संबंधित अधिकारियों को अपने-अपने जिलों में नियमित समीक्षा कर लंबित कार्यों का शीघ्र निष्पादन सुनिश्चित करने को कहा। मुख्य सचिव ने सभी संबंधित एजेंसियों को सौर संयंत्रों की स्थापना प्रक्रिया में तेजी लाने का सख्त निर्देश दिया। ULA योजना के तहत अक्टूबर के अंत तक 2.5 लाख सौर संयंत्रों की स्थापना का लक्ष्य पूरा करने पर विशेष जोर दिया गया। साथ ही, नवंबर 2026 तक पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के ULA मॉडल के सभी निर्धारित लक्ष्यों को हर हाल में पूरा करने का निर्देश दिया गया। उन्होंने वेंडरों को भी कार्य में तेजी लाने की हिदायत देते हुए स्पष्ट किया कि निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप प्रगति नहीं होने पर डिबारमेंट समेत सख्त कार्रवाई की जाएगी। मुख्य सचिव ने सभी संबंधित विभागों, जिलाधिकारियों, बैंकों एवं एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर योजना को मिशन मोड में आगे बढ़ाने पर जोर दिया।