नल-जल अनुरक्षकों के लंबित भुगतान पर सरकार का बड़ा कदम, PHED और पंचायती राज मंत्री की संयुक्त उच्चस्तरीय बैठक

राज्य भर के नल-जल योजना के अनुरक्षकों (केयरटेकरों) के लंबित भुगतान और उनसे संबंधित विभिन्न प्रशासनिक व तकनीकी समस्याओं का शीघ्र और स्थायी समाधान को लेकर पीएचईडी और पंचायती राज विभाग मंत्री ने संयुक्त रुप से बैठक की.....

नल-जल अनुरक्षकों के लंबित भुगतान पर सरकार का बड़ा कदम- फोटो : नरोत्तम कुमार

Patna : लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग (PHED) मंत्री संजय कुमार सिंह एवं पंचायती राज विभाग मंत्री दीपक प्रकाश की संयुक्त अध्यक्षता में पटना में एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इस महत्वपूर्ण बैठक का मुख्य उद्देश्य राज्य भर के नल-जल योजना के अनुरक्षकों (केयरटेकरों) के लंबित भुगतान और उनसे संबंधित विभिन्न प्रशासनिक व तकनीकी समस्याओं का शीघ्र और स्थायी समाधान निकालना रहा।


बकाये मानदेय और रखरखाव संबंधी विषयों पर गहन चर्चा 

बैठक के दौरान ग्रामीण क्षेत्रों में 'हर घर नल का जल' योजना के सुचारू संचालन में आ रही व्यावहारिक कठिनाइयों तथा अनुरक्षकों के लंबे समय से बकाया मानदेय/भुगतान पर विस्तृत विचार-विमर्श किया गया। दोनों विभागों के मंत्रियों ने इस बात पर विशेष जोर दिया कि योजना की जमीनी सफलता पूरी तरह से इन अनुरक्षकों के नियमित कार्य पर निर्भर करती है, इसलिए उनकी समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर निराकरण आवश्यक है।


अधिकारियों को लंबित भुगतान जल्द निष्पादित करने का निर्देश 

समीक्षा के उपरांत दोनों मंत्रियों ने लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग और पंचायती राज विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश जारी किए। उन्होंने कहा कि लंबित भुगतान की प्रक्रिया को प्रभावी ढंग से आगे बढ़ाते हुए बकाये राशि का वितरण जल्द से जल्द सुनिश्चित किया जाए। साथ ही अंतर-विभागीय समन्वय को मजबूत कर भुगतान में आ रही वित्तीय व तकनीकी अड़चनों को दूर करने का आदेश दिया गया।


ग्रामीण क्षेत्रों में निर्बाध पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने का लक्ष्य 

बैठक का मुख्य ध्येय ग्रामीण आबादी को बिना किसी रुकावट के शुद्ध पेयजल की सुविधा उपलब्ध कराना है। मंत्रियों ने बताया कि अनुरक्षकों के बकाये का समय पर भुगतान होने से वे अधिक तत्परता के साथ अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन कर सकेंगे। इससे जलापूर्ति प्रणाली दुरुस्त रहेगी और पाइपलाइनों व मोटर के रखरखाव का काम भी सुचारू रूप से चलता रहेगा।


वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति और स्थायी समाधान का संकल्प 

इस उच्चस्तरीय बैठक में लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग के सचिव बी. कार्तिकेय एवं पंचायती राज विभाग के सचिव मनोज कुमार सहित दोनों विभागों के कई वरिष्ठ पदाधिकारीगण उपस्थित रहे। बैठक के अंत में यह संकल्प दोहराया गया कि नल-जल अनुरक्षकों की समस्याओं का एक स्थायी तंत्र विकसित कर समाधान किया जाएगा, ताकि भविष्य में इस तरह की विलंब की स्थिति उत्पन्न न हो।


नरोत्तम की रिपोर्ट