Satya Niketan Building: सत्य निकेतन हादसे के बाद MCD की बड़ी कार्रवाई, असिस्टेंट इंजीनियर समेत 3 और सस्पेंड

Satya Niketan Building: सत्य निकेतन इमारत हादसे के मामले में MCD ने तीन और इंजीनियरों को सस्पेंड कर दिया है। जानें किन अधिकारियों पर हुई कार्रवाई और निगम ने क्या निर्देश दिए।

Satya Niketan Building: दक्षिण दिल्ली के सत्य निकेतन इलाके में इमारत गिरने की घटना के बाद दिल्ली नगर निगम ने जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई तेज कर दी है। अवैध निर्माण को रोकने में कथित लापरवाही और अपनी जिम्मेदारी ठीक से नहीं निभाने के मामले में भवन विभाग के तीन और इंजीनियरों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।


एमसीडी की ओर से जारी आदेश के मुताबिक, यह कार्रवाई दक्षिण-पश्चिम जोन के भवन विभाग में तैनात अधिकारियों के खिलाफ की गई है। निगम ने संबंधित अधिकारियों की भूमिका की जांच के बाद सेवा नियमों के तहत निलंबन का फैसला लिया है।


इन तीन इंजीनियरों को किया गया सस्पेंड


एमसीडी की कार्रवाई की जद में सहायक अभियंता रविंदर कुमार और दो कनिष्ठ अभियंता सुमन सौरभ तथा मोहित यादव आए हैं। निगम के अनुसार, इन अधिकारियों पर अनधिकृत निर्माण के खिलाफ समय रहते कार्रवाई नहीं करने और अपनी जिम्मेदारियों में लापरवाही बरतने का आरोप है। एमसीडी ने कहा है कि सक्षम प्राधिकारी के आदेश के बाद लागू सेवा नियमों के तहत इन तीनों अधिकारियों को निलंबित किया गया है। मामले में अधिकारियों की भूमिका और उनकी जिम्मेदारी को लेकर विभागीय स्तर पर कार्रवाई आगे भी जारी रह सकती है।


पहले भी कई अधिकारियों पर हो चुकी है कार्रवाई


सत्य निकेतन इमारत हादसे के बाद यह एमसीडी की ओर से की गई पहली कार्रवाई नहीं है। इससे पहले भी घटना की गंभीरता को देखते हुए एक डिप्टी कमिश्नर और चार अन्य इंजीनियरों को निलंबित किया जा चुका है। लगातार हो रही कार्रवाई से साफ है कि निगम इस मामले में निर्माण नियमों की अनदेखी और अधिकारियों की कथित लापरवाही को गंभीरता से ले रहा है। अधिकारियों की जिम्मेदारी तय करने के लिए विभागीय प्रक्रिया भी आगे बढ़ाई जा रही है।


अवैध निर्माण पर सख्ती के निर्देश


एमसीडी ने अपने सभी क्षेत्रीय अधिकारियों को अनधिकृत निर्माण से जुड़े मामलों में ज्यादा सतर्क रहने का निर्देश दिया है। निगम ने कहा है कि जहां भी निर्माण नियमों का उल्लंघन सामने आए, वहां निर्धारित समय के भीतर जरूरी कार्रवाई की जानी चाहिए। नगर निगम ने अधिकारियों और कर्मचारियों को यह भी स्पष्ट किया है कि ड्यूटी में लापरवाही पाए जाने पर जिम्मेदारी तय की जाएगी। किसी स्तर पर नियमों की अनदेखी होने पर संबंधित अधिकारी के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जा सकती है।


जवाबदेही तय करने पर एमसीडी का जोर


सत्य निकेतन हादसे के बाद एमसीडी का फोकस अब यह पता लगाने पर है कि अवैध निर्माण की जानकारी होने के बावजूद समय रहते कार्रवाई क्यों नहीं हुई। निगम की ओर से अधिकारियों को जिम्मेदारी के साथ काम करने और निर्माण नियमों का उल्लंघन होने पर तुरंत कदम उठाने के निर्देश दिए गए हैं। इस मामले में आगे की जांच और विभागीय कार्रवाई से यह तय होगा कि हादसे से पहले निर्माण को लेकर किस स्तर पर लापरवाही हुई थी और इसके लिए कौन जिम्मेदार था।