सदर अस्पताल में चोरों का आतंक: प्रसूति वार्ड के पास से गर्भवती महिला का बैग चोरी, नकदी व जरूरी दस्तावेज गायब

नवादा के सदर अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्था सवालो के घेरे में है। अस्पताल परिसर में आए दिन मरीजों और उनके परिजनों के सामान चोरी होने की शिकायतें सामने आती रहती हैं। ताजा मामले में चोरों ने एक गर्भवती महिला को अपना निशाना बनाया है...

नवादा सदर अस्पताल में चोरों का आतंक- फोटो : अमन सिन्हा

Nawada : सदर अस्पताल में चोरी और आपराधिक घटनाओं पर अंकुश लगता नजर नहीं आ रहा है। अस्पताल परिसर में आए दिन मरीजों और उनके परिजनों के सामान चोरी होने की शिकायतें सामने आती रहती हैं। ताजा मामले में चोरों ने एक गर्भवती महिला को अपना निशाना बनाया है, जिससे अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्था पर एक बार फिर गंभीर सवालिया निशान खड़े हो गए हैं।


प्रसूति वार्ड के पास से उड़ाया बैग, नकदी और दस्तावेज गायब

प्राप्त जानकारी के अनुसार, पीड़िता सृष्टि कुमारी इलाज के सिलसिले में सदर अस्पताल पहुंची थीं और प्रसूति वार्ड के समीप मौजूद थीं। इसी दौरान अज्ञात चोरों ने शातिर तरीके से उनका बैग उड़ा लिया। महिला के अनुसार, उस बैग में नकदी के साथ-साथ आधार कार्ड, पैन कार्ड और कई अन्य जरूरी व कीमती दस्तावेज रखे हुए थे, जिनके गायब होने से उन्हें भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।


मरीजों और परिजनों में असुरक्षा का माहौल, दूर-दराज से आते हैं लोग

इस घटना के बाद गर्भवती महिला और उसके स्वजनों की चिंता काफी बढ़ गई है। दूर-दराज के ग्रामीण इलाकों से गरीब और जरूरतमंद लोग बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं की उम्मीद लेकर सदर अस्पताल पहुंचते हैं, लेकिन यहां उन्हें अपनी और अपने सामान की सुरक्षा का डर सताने लगा है। लगातार हो रही ऐसी वारदातों से आम जनता में अस्पताल प्रशासन के प्रति नाराजगी देखी जा रही है।


अस्पताल प्रबंधन की दलील: बिजली कटने से सीसीटीवी फुटेज नहीं मिला

अस्पताल परिसर में सुरक्षा के मद्देनजर जगह-जगह सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं, इसके बावजूद चोरों तक पुलिस या प्रशासन की पहुंच न होना सुस्त व्यवस्था को दर्शाता है। इस संबंध में पूछे जाने पर अस्पताल प्रबंधक कुमार आदित्य ने बताया कि जिस वक्त यह चोरी की घटना हुई, उस दौरान अस्पताल की बिजली कटी हुई थी। इसी तकनीकी वजह से कैमरे में पूरी वारदात कैद नहीं हो सकी, हालांकि मामले की छानबीन की जा रही है।


सुरक्षा व्यवस्था को दुरुस्त करने की उठ रही मांग

अस्पताल प्रबंधन के इस तर्क के बाद यह सवाल बड़ा हो गया है कि आखिर मरीजों के सामान की सुरक्षा की जिम्मेदारी किसकी है? अस्पताल परिसर में पुलिस चौकी या निजी सुरक्षा गार्डों की तैनाती के बावजूद चोरों के हौसले बुलंद हैं। स्थानीय लोगों और मरीजों ने मांग की है कि अस्पताल में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए जाएं ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं पर रोक लग सके।


अमन की रिपोर्ट