मुंबई में बनेगा 'बिहार भवन', नीतीश कैबिनेट की मंजूरी, इन लोगों को होगा फायदा
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में मुंबई में अत्याधुनिक 'बिहार भवन' के निर्माण के लिए ₹314.20 करोड़ की भारी-भरकम राशि को प्रशासनिक मंजूरी दी गई है।
Patna - मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई कैबिनेट बैठक में मुंबई में बिहार भवन के निर्माण के लिए 314 करोड़ 20 लाख 59 हजार रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति दी गई है। यह भवन मुंबई के वडाला इलाके में बनाया जाएगा, जिसके लिए मुंबई पत्तन प्राधिकरण (Mumbai Port Authority) ने 2752 वर्ग मीटर जमीन 60 साल की लीज पर आवंटित की है। यह एक आधुनिक बहुमंजिला इमारत होगी, जिसमें बिहार के लोगों के लिए विश्वस्तरीय सुविधाएं उपलब्ध होंगी।
कैंसर मरीजों और उनके परिजनों को मिलेगी बड़ी राहत
इस परियोजना का प्राथमिक उद्देश्य मुंबई में इलाज कराने आने वाले बिहार के लोगों, विशेषकर टाटा मेमोरियल अस्पताल में आने वाले कैंसर मरीजों और उनके परिजनों को किफायती और सुरक्षित आवास प्रदान करना है। वर्तमान में बिहार से जाने वाले मरीजों को मुंबई जैसे महंगे शहर में ठहरने के लिए भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। इस भवन के बन जाने से उन्हें एक ही छत के नीचे रहने और भोजन की सुविधा मिल सकेगी, साथ ही यहाँ सरकारी बैठकों के लिए भी आधुनिक हॉल और कार्यालय होंगे।
दिल्ली 'बिहार निवास' को लेकर क्यों है विवाद?
एक ओर जहाँ मुंबई में नया भवन बनने जा रहा है, वहीं दिल्ली के चाणक्यपुरी स्थित 'बिहार निवास' को गिराकर नया बनाने के फैसले पर सियासी घमासान मचा हुआ है। राष्ट्रीय जनता दल (RJD) का आरोप है कि नीतीश सरकार जानबूझकर लालू प्रसाद यादव के नाम वाली शिलापट्टिका को हटाने के लिए 32 साल पुराने इस भवन को तोड़ रही है। यह भवन 1994 में लालू यादव के मुख्यमंत्री रहते बना था।
सरकार का पक्ष
सरकार का तर्क है कि वर्तमान भवन पुराना हो चुका है और दिल्ली में आने वाले अतिथियों की संख्या के मुकाबले यहाँ कमरों की कमी है। इसलिए इसे आधुनिक और अधिक क्षमता वाला बनाने के लिए करीब 123 करोड़ से 500 करोड़ रुपये का बजट प्रस्तावित किया गया है।