292.74 करोड़ की लागत से नया एलिवेटेड कॉरिडोर, ट्रैफिक जाम से मिलेगी बड़ी राहत, ट्रैफिक दबाव कम करने की दिशा में अहम कदम

पटना में 292.74 करोड़ रुपये की लागत से मीठापुर-चिरैयाटांड़-करबिगहिया चार-लेन एलिवेटेड कॉरिडोर बन रहा है। पटना सिटी, कंकड़बाग से एयरपोर्ट और सचिवालय तक जाम मुक्त सफर। पहले फेज 1-2 महीने में, पूरा प्रोजेक्ट दिसंबर 2026 तक।

Patna - पटना में बढ़ते ट्रैफिक के दबाव को कम करने के लिए पथ निर्माण विभाग कई महत्वपूर्ण रोड प्रोजेक्ट्स पर तेजी से काम कर रहा है। इसी क्रम में शहर के पूर्वी और दक्षिण-पूर्वी इलाकों को दक्षिण-पश्चिम भाग से बेहतर जोड़ने के लिए 292.74 करोड़ रुपये की लागत से एक नया वैकल्पिक फ्लाईओवर और चार-लेन एलिवेटेड कॉरिडोर का निर्माण किया जा रहा है।

किन इलाकों को मिलेगा फायदा
इस परियोजना के पूरा होने से पटना सिटी (पुराना शहर), कंकड़बाग और आसपास के इलाकों के लोगों को सचिवालय, यारपुर और एयरपोर्ट तक पहुंचना काफी आसान हो जाएगा। वर्तमान में इन इलाकों से एयरपोर्ट जाने वाले यात्रियों को जीपीओ गोलंबर और अन्य चौराहों पर भारी जाम का सामना करना पड़ता है। नया फ्लाईओवर इस समस्या का स्थायी समाधान साबित होगा।

परियोजना का विवरण
 पथ निर्माण विभाग ने मीठापुर से चिरैयाटांड़ होते हुए करबिगहिया को जोड़ने के लिए सर्विस लेन सहित चार-लेन एलिवेटेड कॉरिडोर बनाने का फैसला लिया है। परियोजना में फ्लाईओवर, पहुंच पथ और सेवा पथ का निर्माण शामिल है। इस समय सभी कार्य तेज गति से चल रहे हैं और निर्माण अंतिम चरण में पहुंच चुका है।

कब तक पूरा होगा प्रोजेक्ट
 विभागीय अधिकारियों के अनुसार, परियोजना के पहले फेज का काम अगले एक-दो महीनों में पूरा हो जाएगा। पूरे प्रोजेक्ट को दिसंबर 2026 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। निर्माण पूरा होने के बाद पटना सिटी और कंकड़बाग से एयरपोर्ट तक का सफर सुगम हो जाएगा और रोजाना लगने वाले एक-दो घंटे के जाम से लोगों को बड़ी राहत मिलेगी।

ट्रैफिक व्यवस्था में होगा बड़ा बदलाव
 यह एलिवेटेड कॉरिडोर पटना के ट्रैफिक सिस्टम को पूरी तरह बदलने वाला साबित होगा। पूर्वी-पश्चिमी कनेक्टिविटी मजबूत होने से न सिर्फ आम लोगों को फायदा होगा बल्कि शहर की समग्र यातायात व्यवस्था भी बेहतर बनेगी। पथ निर्माण विभाग इस परियोजना को समयबद्ध तरीके से पूरा करने के लिए निरंतर निगरानी कर रहा है।