बिहार सचिवालय सेवा में पदोन्नति की बहार: LDC बनेंगे उच्चवर्गीय लिपिक, 15 दिनों में माँगा गया ब्यौरा', सरकार ने माँगा ब्यौरा

बिहार सरकार सचिवालय के निम्नवर्गीय लिपिकों को उच्चवर्गीय लिपिक का उच्चतर प्रभार देने जा रही है। 3.5 साल का अनुभव रखने वाले कर्मियों का ब्यौरा 15 दिनों में मांगा गया है।

Patna - :  बिहार सरकार के सामान्य प्रशासन विभाग ने सचिवालय लिपिकीय सेवा के कर्मियों के लिए बड़ी खुशखबरी दी है। विभाग ने 'अस्थायी स्थानापन्न कार्यकारी व्यवस्था नियमावली, 2023' के तहत निम्नवर्गीय लिपिकों (LDC) को उच्चवर्गीय लिपिक (UDC) के पद का उच्चतर प्रभार देने की प्रक्रिया शुरू कर दी है । इसके लिए सरकार के अवर सचिव राज किशोर तिवारी ने सभी विभागों और विभागाध्यक्षों को पत्र लिखकर पात्र कर्मियों की जानकारी माँगी है ।

वर्ष 6 माह का अनुभव अनिवार्य

नए निर्देशों के अनुसार, बिहार सचिवालय लिपिकीय सेवा के वैसे निम्नवर्गीय लिपिक जिन्होंने अपने पद पर 03 वर्ष 06 माह की न्यूनतम सेवा अवधि पूर्ण कर ली है, वे इस उच्चतर प्रभार के पात्र होंगे । विभाग ने स्पष्ट किया है कि यह व्यवस्था प्रशासनिक कार्यों में दक्षता लाने के उद्देश्य से की जा रही है ।

इन जानकारियों के साथ भेजना होगा प्रतिवेदन

सामान्य प्रशासन विभाग ने सभी अपर मुख्य सचिवों और प्रधान सचिवों से विहित प्रपत्र 'क' में निम्नलिखित सूचनाएं 15 दिनों के भीतर उपलब्ध कराने का अनुरोध किया है:

  • परीक्षा विवरण: हिन्दी टिप्पण प्रारूपण और कम्प्यूटर सक्षमता जाँच परीक्षा उत्तीर्ण करने की तिथि ।
  • सेवा इतिहास: सेवा सम्पुष्टि की तिथि और पद पर कार्यरत कुल कालावधि ।
  • चरित्री प्रतिवेदन: संबंधित लिपिक के पिछले 05 वर्षों की गोपनीय चरित्री (ACR) का वर्षवार विवरण ।
  • अनुशासनात्मक स्थिति: संबंधित कर्मी पर किसी भी प्रकार के आरोप या विभागीय कार्यवाही की वर्तमान स्थिति ।


पदों की सुरक्षा और गणना

नियमावली की कंडिका-6 (v) के आलोक में, उच्चवर्गीय लिपिक के स्वीकृत बल की गणना की जाएगी । गणना के दौरान कुछ पदों को सुरक्षित रखते हुए शेष पात्र निम्नवर्गीय लिपिकों को वरीयता और योग्यता के आधार पर उच्चतर पद का कार्यकारी प्रभार सौंपा जाएगा ।

पारदर्शिता के लिए डिजिटल निर्देश

विभाग ने इस आदेश की प्रति आईटी मैनेजर को भी भेजी है ताकि इसे आधिकारिक वेबसाइट पर अपलोड किया जा सके । इससे कर्मियों को अपनी पात्रता और प्रक्रिया की प्रगति के बारे में जानकारी मिल सकेगी। 25 मार्च 2026 को जारी इस पत्र ने सचिवालय सेवा के कर्मियों के बीच उत्साह जगा दिया है ।