Ayodhya Ram Temple Theft: अयोध्या चढ़ावा चोरी केस पर SC सख्त, CBI जांच याचिका पर तुरंत सुनवाई से इनकार

Ayodhya Ram Temple Theft: सुप्रीम कोर्ट ने अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में तत्काल सुनवाई से इनकार किया। कोर्ट ने कहा कि जुलाई में नियमित सुनवाई के दौरान मामले पर सुनवाई होगी।

Ayodhya Ram Temple Theft: सुप्रीम कोर्ट ऑफ इंडिया ने सोमवार को राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में तुरंत सुनवाई से इनकार कर दिया। कोर्ट ने CBI की अगुवाई में कई एजेंसियों से जांच कराने की मांग वाली जनहित याचिका पर तत्काल सुनवाई करने से मना कर दिया। सुप्रीम कोर्ट ने साफ कहा कि अगर गर्मी की छुट्टियों के बाद नियमित सुनवाई शुरू होने पर इस मामले की सुनवाई होगी, तो इससे कोई बड़ी समस्या नहीं होगी।

यह मामला दो वकीलों द्वारा दायर जनहित याचिका से जुड़ा है। याचिका में मांग की गई है कि राम मंदिर में जमा दान राशि में कथित चोरी के मामले की जांच CBI और दूसरी एजेंसियों से कोर्ट की निगरानी में कराई जाए। याचिकाकर्ताओं का कहना है कि उत्तर प्रदेश पुलिस की मौजूदा जांच पर पूरा भरोसा नहीं बन रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि इस मामले में जरूरी सबूतों को सही तरीके से सुरक्षित नहीं रखा जा रहा है।

 12 से 17 जुलाई के बीच सुनवाई की जाएगी

इस मामले पर सुनवाई करते हुए न्यायमूर्ति एमएम सुंदरेश और न्यायमूर्ति शील नागू की पीठ ने तत्काल सुनवाई की मांग खारिज कर दी। कोर्ट ने कहा कि इस याचिका पर 12 से 17 जुलाई के बीच सुनवाई की जाएगी। यह मामला ऐसे समय सामने आया है जब उत्तर प्रदेश पुलिस पहले से जांच कर रही है। जांच के दौरान चंपत राय का बयान दर्ज किया जा चुका है। जरूरत पड़ने पर ट्रस्ट के अन्य वरिष्ठ अधिकारियों, जिनमें ट्रस्टी अनिल मिश्रा भी शामिल हैं, के बयान भी लिए जा सकते हैं।

श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट आरोपों पर नाराजगी जताई

इससे पहले श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने इन आरोपों पर नाराजगी जताई थी। ट्रस्ट ने कहा कि वह इन आरोपों से स्तब्ध, आहत और दुखी है। साथ ही ट्रस्ट ने निष्पक्ष जांच में पूरा सहयोग देने की बात कही है।ट्रस्ट ने यह भी पुष्टि की है कि चंपत राय और ट्रस्टी अनिल मिश्रा ने अपने पद से इस्तीफा दिया है। ट्रस्ट ने राम भक्तों को भरोसा दिलाया है कि भगवान राम को चढ़ाई गई सभी कीमती वस्तुएं, जिनमें चांदी की ईंटें और आभूषण शामिल हैं, पूरी तरह सुरक्षित हैं और उनका पूरा रिकॉर्ड रखा गया है।