Bihar Education News:अगले सत्र से छठी कक्षा से कंप्यूटर शिक्षा अनिवार्य करने की तैयारी, इतने मॉडल स्कूलों में स्मार्ट क्लास बनाने का लक्ष्य

शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने संकेत दिया है कि अगले शैक्षणिक सत्र से छठी कक्षा और उससे ऊपर के विद्यार्थियों के लिए कंप्यूटर शिक्षा अनिवार्य करने की तैयारी चल रही है।..

अगले सत्र से छठी कक्षा से कंप्यूटर शिक्षा अनिवार्य करने की तैयारी- फोटो : reporter

Bihar Education News:  बिहार में शिक्षा व्यवस्था को आधुनिक और तकनीक से लैस बनाने की दिशा में राज्य सरकार ने कवायद तेज कर दी है। शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने संकेत दिया है कि अगले शैक्षणिक सत्र से छठी कक्षा और उससे ऊपर के विद्यार्थियों के लिए कंप्यूटर शिक्षा अनिवार्य करने की तैयारी चल रही है। इस व्यवस्था को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए पहले शिक्षकों को प्रशिक्षित किया जाएगा। इसके लिए राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद (एससीईआरटी) में प्रशिक्षण की व्यवस्था की जाएगी, ताकि शिक्षक विद्यार्थियों को डिजिटल शिक्षा की बारीकियों से रूबरू करा सकें।

शुक्रवार को विकास भवन स्थित अपने कार्यालय कक्ष में आयोजित समीक्षा बैठक के दौरान शिक्षा मंत्री ने विभागीय अधिकारियों को प्रस्तावित योजनाओं की तैयारी समय पर पूरी करने का निर्देश दिया। बैठक में विद्यालयों में तकनीकी सुविधाओं के विस्तार, आधारभूत संरचना के विकास और पारंपरिक शिक्षा पद्धतियों को प्रोत्साहित करने जैसे अहम मुद्दों पर चर्चा हुई।

700 मॉडल स्कूलों में स्मार्ट क्लास बनाने का लक्ष्य

शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने राज्य के सभी 700 सरस्वती विद्या निकेतन यानी मॉडल स्कूलों में 31 मार्च से पहले स्मार्ट क्लास स्थापित करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि विद्यालयों में आधुनिक शिक्षण सुविधाएं विकसित करने के साथ-साथ जरूरी बुनियादी ढांचे को भी मजबूत किया जाए। जिन आदर्श विद्यालयों में अब तक चारदीवारी का निर्माण नहीं हुआ है, वहां इस काम को प्राथमिकता देने को कहा गया है।मंत्री ने केंद्र सरकार से प्राप्त राशि का समुचित इस्तेमाल करते हुए विद्यालयों में जरूरी सुविधाओं का विकास निर्धारित समयसीमा के भीतर पूरा करने पर जोर दिया।

हर प्रमंडल में गुरुकुलम विद्यापीठ की योजना

पारंपरिक शिक्षा व्यवस्था को नई पहचान देने के लिए सरकार राज्य के प्रत्येक प्रमंडल में गुरुकुलम विद्यापीठ स्थापित करने की योजना पर भी काम कर रही है। शिक्षा मंत्री ने अधिकारियों को इसके लिए विस्तृत कार्ययोजना तैयार करने का निर्देश दिया। इस पहल की शुरुआत बक्सर से की जा चुकी है, जहां पहले गुरुकुलम की स्थापना पर लगभग 70 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है। उन्होंने बजट अधिकारियों से अन्य प्रमंडलों में प्रस्तावित गुरुकुलम के लिए विस्तृत योजनाएं तैयार करने और आगामी बजट में अधिकाधिक नई योजनाओं को शामिल करने को कहा।

संस्कृत विद्यालयों का जीर्णोद्धार, मदरसा बोर्ड को मिलेगा नया भवन

राज्य में संस्कृत शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए बंद पड़े राजकीय संस्कृत विद्यालयों को दोबारा शुरू करने की तैयारी की जा रही है। पहले उन विद्यालयों का जीर्णोद्धार किया जाएगा, जिनके पास अपनी जमीन उपलब्ध है। इसके साथ ही संस्कृत शिक्षा बोर्ड की तर्ज पर मदरसा बोर्ड के कार्यालय को भी जल्द नए भवन में स्थानांतरित करने की योजना है।

पीएमश्री योजना और शिक्षा भवनों की समीक्षा

बैठक में पीएमश्री योजना के तहत संचालित कार्यों की प्रगति रिपोर्ट भी मांगी गई। विभिन्न जिलों में प्रस्तावित शिक्षा भवनों की मौजूदा स्थिति की समीक्षा करते हुए मंत्री ने संबंधित अधिकारियों को निर्माण और विकास कार्यों में तेजी लाने का निर्देश दिया।

बिहार दिवस पर होगा भव्य आयोजन

शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने बताया कि इस बार बिहार दिवस के मौके पर व्यापक स्तर पर कार्यक्रम आयोजित करने की योजना है। मुख्य समारोह पटना के बापू सभागार में आयोजित किए जाने का प्रस्ताव है। कार्यक्रम में कवि डॉ. कुमार विश्वास को आमंत्रित करने की भी योजना है।

समीक्षा बैठक में शिक्षा विभाग के विशेष सचिव धर्मेन्द्र कुमार, बिहार शिक्षा परियोजना के राज्य परियोजना निदेशक नवदीप शुक्ला, माध्यमिक शिक्षा निदेशक नितिन कुमार सिंह, पाठ्यपुस्तक निदेशक यतेंद्र कुमार पाल, प्राथमिक शिक्षा निदेशक कुमार निशांत विवेक, निदेशक प्रशासन विजय कुमार पांडेय समेत विभाग के अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।

ब्यूरो रिपोर्ट