आम आदमी ने सिखाया अफसरों को सबक: रिश्वत की रकम वापस पाकर खिले परिवादियों के चेहरे, निगरानी ने दिया वीरता का सम्मान
बिहार सरकार के निगरानी अन्वेषण ब्यूरो ने भ्रष्टाचार के खिलाफ अपनी 'जीरो टॉलरेंस' नीति को और धार देते हुए आज पटना स्थित सभागार में 'तृतीय सतर्कता सम्मान समारोह 2026' का आयोजन किया
Patna - बिहार सरकार के निगरानी अन्वेषण ब्यूरो ने भ्रष्टाचार के खिलाफ अपनी 'जीरो टॉलरेंस' नीति को और धार देते हुए आज पटना स्थित सभागार में 'तृतीय सतर्कता सम्मान समारोह 2026' का आयोजन किया । इस ऐतिहासिक मौके पर उन परिवादियों, अनुसंधानकर्ताओं और लोक अभियोजकों को सम्मानित किया गया जिन्होंने अपनी निष्ठा और मेहनत से भ्रष्ट अधिकारियों को सलाखों के पीछे पहुँचाया है । कार्यक्रम में अपर मुख्य सचिव अरविन्द कुमार चौधरी और महानिदेशक जितेंद्र सिंह गंगवार ने दीप प्रज्वलित कर समारोह की शुरुआत की ।
सजा दिलाने में रचा नया इतिहास
निगरानी ब्यूरो ने वर्ष 2025 में सफलता के सारे पुराने कीर्तिमान ध्वस्त कर दिए हैं। आंकड़ों के अनुसार, पिछले 25 वर्षों में जहां औसतन मात्र 5.6 मामलों में सजा होती थी, वहीं वर्ष 2025 में कुल 30 मामलों में अभियुक्तों को सजा सुनाई गई है, जो कि पिछले 25 सालों में सर्वाधिक है । सिर्फ 01 जुलाई 2025 से 31 दिसंबर 2025 के बीच ही माननीय न्यायालय द्वारा 16 मामलों में अभियुक्तों को दोषी पाते हुए सजा सुनाई गई है ।
12 गुना बढ़ी गिरफ्तारियों की रफ्तार
भ्रष्ट लोकसेवकों को रंगे हाथों पकड़ने के मामले में ब्यूरो ने अभूतपूर्व तेजी दिखाई है। वर्ष 2024 में जहां मात्र 8 मामलों में 12 लोग पकड़े गए थे, वहीं वर्ष 2025 में यह आंकड़ा 12 गुना बढ़कर 101 लोकसेवकों तक पहुँच गया है । महानिदेशक जितेंद्र सिंह गंगवार ने स्पष्ट किया कि भ्रष्टाचार के खिलाफ राज्य सरकार की गंभीरता के परिणाम अब जमीन पर दिखने लगे हैं और ईमानदार कर्मी संगठन की असली ताकत हैं ।
सिस्टम में बड़े बदलाव की तैयारी
समारोह के दौरान अपर मुख्य सचिव ने घोषणा की कि भ्रष्टाचारियों पर नकेल कसने के लिए जल्द ही विशेष न्यायालयों की संख्या बढ़ाई जाएगी । इसके साथ ही, निगरानी अन्वेषण ब्यूरो के क्षेत्रीय कार्यालय भागलपुर और मुजफ्फरपुर में भी जल्द ही नए निगरानी थानों का सृजन किया जाएगा । सरकार का लक्ष्य है कि मुकदमों के निष्पादन के औसत समय (जो वर्तमान में 13 वर्ष है) को कम किया जाए और अपराधियों को त्वरित सजा दिलाई जाए ।
आम जनता के लिए सीधी चेतावनी और अपील
निगरानी ब्यूरो ने भ्रष्टाचार के खिलाफ लड़ाई में आम नागरिकों की भूमिका को सर्वोपरि माना है। समारोह में उन 27 परिवादियों को भी सम्मानित किया गया जिनकी रिश्वत की राशि ब्यूरो ने वापस कराई है । ब्यूरो ने हेल्पलाइन नंबर (0612-2215344), व्हाट्सएप (9473494167) और फेसबुक के माध्यम से जनता से अपील की है कि यदि कोई भी सरकारी सेवक रिश्वत की मांग करे, तो तुरंत शिकायत दर्ज कराएं ताकि भ्रष्टाचार मुक्त बिहार का सपना सच हो सके ।
Report - anil kumar