पीएम मोदी की ईंधन बचत अपील का सुपौल चैंबर ऑफ कॉमर्स ने किया समर्थन, पहल को बताया दूरदर्शी

सुपौल चैंबर ऑफ कॉमर्स ने पीएम की अपील का किया समर्थन- फोटो : विनय कुमार मिश्रा

Supaul : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा देशवासियों से ईंधन की बचत करने और पेट्रोल-डीजल की खपत कम करने की अपील का सुपौल चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज ने पुरजोर स्वागत किया है। चैंबर के जिला महामंत्री पवन अग्रवाल ने प्रधानमंत्री के इस कदम की सराहना करते हुए कहा कि वर्तमान वैश्विक आर्थिक परिस्थितियों और पर्यावरण के सामने खड़ी गंभीर चुनौतियों को देखते हुए यह अपील बेहद समयानुकूल, व्यावहारिक और दूरदर्शी है।


यूरोप और पश्चिमी देशों की तर्ज पर जागरूकता की जरूरत 

चैंबर ऑफ कॉमर्स के जिला महामंत्री पवन अग्रवाल ने वैश्विक उदाहरण देते हुए कहा कि यूरोप और कई पश्चिमी देशों में सरकारों की दूरगामी नीतियों तथा आम जनता की जागरूकता के कारण साइकिल का प्रचलन बहुत अधिक है। वहां उच्च पदों पर बैठे लोग भी साइकिल से सफर करते हैं। इससे उन देशों में न केवल ईंधन की भारी बचत होती है, बल्कि वायु प्रदूषण और सड़कों पर लगने वाले ट्रैफिक जाम की समस्या पर भी काफी हद तक नियंत्रण रहता है।


10 किलोमीटर के दायरे में अनिवार्य हो साइकिल का उपयोग 

पवन अग्रवाल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से एक महत्वपूर्ण आग्रह करते हुए कहा कि भारत में भी इस दिशा में कड़े और प्रभावी कदम उठाए जाने चाहिए। उन्होंने मांग की कि देश के सरकारी और गैर-सरकारी संस्थानों में कार्यरत अधिकारियों एवं कर्मचारियों को उनके घर से 10 किलोमीटर के दायरे में स्थित कार्यस्थलों तक आने-जाने के लिए साइकिल का उपयोग करने हेतु प्रेरित और प्रोत्साहित किया जाए।


वरिष्ठ अधिकारी और जनप्रतिनिधि पेश करें उदाहरण 

उन्होंने जोर देकर कहा कि किसी भी बड़े बदलाव की शुरुआत ऊपर से होनी चाहिए। समाज में इसका सकारात्मक और व्यापक संदेश तभी जाएगा जब वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी, नेता और समाज के जिम्मेदार लोग स्वयं साइकिल से कार्यालय जाकर आम जनता के सामने एक मिसाल पेश करेंगे। उन्होंने कहा कि आज के समय में फिटनेस और शौकिया तौर पर साइकिल चलाना एक ट्रेंड बन चुका है, जिसे अब दैनिक दिनचर्या में शामिल करने की आवश्यकता है।


ई-साइकिल बन सकती है आम जनता के लिए बेहतर विकल्प 

वर्तमान तकनीक का जिक्र करते हुए चैंबर महामंत्री ने कहा कि अब बाजार में आधुनिक इलेक्ट्रिक साइकिलें (E-Cycles) आसानी से उपलब्ध हैं, जिसने साइकिलिंग को और भी सुविधाजनक और थकान-मुक्त बना दिया है। कम लागत में बेहतर दूरी तय करने वाली ये ई-साइकिलें हर वर्ग के लिए एक बेहतरीन और किफायती विकल्प साबित हो सकती हैं। यदि इसे बढ़ावा दिया जाता है, तो देश की ईंधन पर निर्भरता कम होगी और पर्यावरण संरक्षण को नई मजबूती मिलेगी।


विनय कुमार मिश्र की रिपोर्ट