ऊपर जीरा पानी, नीचे लाल पानी : जलजीरा की बोतलों के नीचे छुपाकर लाई जा रही 50 लाख की शराब जब्त, दो बड़े माफिया चिन्हित

'ऑपरेशन नीलकंठ' के तहत वैशाली पुलिस को बड़ी कामयाबी मिली है। पुलिस ने एक ट्रक से तकरीबन 50 लाख का विदेशी शराब बरामद किया है। सबसे बड़ी बात यह है कि तस्करों ने इस लाने का ऐसा तरीका अपनाया था जिसे देखकर पुलिस भी हैरान रह गई....

50 लाख की शराब जब्त- फोटो : रिषभ कुमार

Vaishali : जिले में पूर्ण शराबबंदी कानून को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान 'ऑपरेशन नीलकंठ' के तहत पुलिस को एक बहुत बड़ी सफलता हाथ लगी है। वैशाली पुलिस और मद्य निषेध (Excise) विभाग की संयुक्त टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर एक ट्रक को जब्त किया है, जिसमें शराब तस्करी का बेहद अनूठा और शातिर तरीका अपनाया गया था। तस्करों ने पुलिस की आंखों में धूल झोंकने के लिए ट्रक के ऊपरी हिस्से में जलजीरा पानी की बोतलें लोड कर रखी थीं, जबकि उसके ठीक नीचे भारी मात्रा में अवैध विदेशी शराब छुपाकर रखी गई थी।


सदर थाना क्षेत्र में घेराबंदी कर पकड़ा गया विदेशी शराब से लदा ट्रक

मामले की विस्तृत जानकारी देते हुए वैशाली के पुलिस अधीक्षक (SP) शुभांक मिश्रा ने बताया कि मद्य निषेध विभाग और स्थानीय सदर थाना पुलिस को जिला क्षेत्र में शराब की एक बड़ी खेप आने की पुख्ता गुप्त सूचना मिली थी। इसी सूचना पर त्वरित कार्रवाई करते हुए गठित संयुक्त टीम ने सदर थाना क्षेत्र के अंतर्गत घेराबंदी की और संदिग्ध ट्रक को रोककर उसकी गहन तलाशी ली। जब पुलिस ने ऊपर रखी जलजीरा की बोतलों और पेटियों को हटाया, तो नीचे विदेशी शराब का बड़ा जखीरा देखकर अधिकारी भी दंग रह गए।


6132 लीटर शराब बरामद, बाजार में अनुमानित कीमत करीब 50 लाख रुपये

पुलिस अधीक्षक ने बताया कि जब्त किए गए ट्रक से विभिन्न ब्रांडों की कुल 6132 लीटर अवैध विदेशी शराब बरामद की गई है। बिहार के ब्लैक मार्केट (काले बाजार) में इस भारी मात्रा में पकड़ी गई शराब की अनुमानित कीमत लगभग ₹50 लाख आंकी जा रही है। पुलिस ने पूरी खेप को अपने कब्जे में लेकर ट्रक को जब्त कर लिया है। हालांकि, छापेमारी की भनक लगते ही ट्रक का चालक और खलासी अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से भागने में सफल रहे, जिनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार प्रयास कर रही है।


जिले के दो कुख्यात शराब माफिया विपिन सिंह और पंकज ठाकुर चिन्हित

भले ही मौके से चालक या खलासी की गिरफ्तारी नहीं हो सकी, लेकिन पुलिस ने इस अवैध कारोबार के मुख्य सिंडिकेट का पर्दाफाश कर दिया है। तकनीकी और स्थानीय अनुसंधान के आधार पर पुलिस ने जिले के दो सबसे बड़े और कुख्यात शराब माफियाओं, विपिन सिंह और पंकज ठाकुर को मुख्य सरगना के रूप में चिन्हित किया है। जांच में यह स्पष्ट हुआ है कि शराब की यह इतनी बड़ी खेप इन्हीं दोनों बड़े माफियाओं द्वारा दूसरे राज्य से मंगवाई गई थी, जिसे जिले और आसपास के इलाकों में खपाने की योजना थी।


चार लोगों के खिलाफ मामला दर्ज, माफियाओं की गिरफ्तारी को छापेमारी तेज

इस बड़े खुलासे के बाद वैशाली पुलिस ने नामजद शराब माफिया विपिन सिंह और पंकज ठाकुर सहित फरार ट्रक चालक और खलासी के खिलाफ मद्य निषेध अधिनियम की गंभीर धाराओं के तहत प्राथमिकी (केस) दर्ज कर ली है। एसपी ने कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि दोनों चिन्हित शराब माफियाओं के सभी संभावित ठिकानों और छिपने के स्थानों पर पुलिस की विशेष टीमें लगातार छापेमारी कर रही हैं। पुलिस का दावा है कि जल्द ही दोनों बड़े माफिया कानून के शिकंजे में होंगे और उनके पूरे सिंडिकेट को नेस्तनाबूद किया जाएगा।

रिषभ की रिपोर्ट