LPG Rate Today: दिल्ली-मुंबई समेत प्रमुख शहरों में घरेलू गैस कितने की? जानें ताजा कीमत
LPG Rate Today: घरेलू गैस सिलेंडर के दाम आज स्थिर हैं। जानें दिल्ली, मुंबई, पटना, कोलकाता, चेन्नई और रांची समेत प्रमुख शहरों में LPG के नए रेट।
LPG Rate Today: देश में 29 सितंबर 2026 को घरेलू एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में कोई बदलाव नहीं हुआ है। तेल कंपनियों ने आज के लिए गैस सिलेंडर के नए रेट जारी कर दिए हैं। घरेलू गैस की कीमत स्थिर रहने से आम परिवारों के बजट पर फिलहाल अतिरिक्त बोझ नहीं पड़ा है।
दूसरी ओर, अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव जारी है। पश्चिम एशिया में तनाव और होर्मुज स्ट्रेट से जुड़े घटनाक्रम के कारण आने वाले समय में तेल की कीमतों को लेकर चिंता बनी हुई है।
घरेलू LPG सिलेंडर की कीमत कितनी है?
14.2 किलोग्राम वाले घरेलू एलपीजी सिलेंडर के दाम सितंबर में अब तक स्थिर हैं। दिल्ली में घरेलू सिलेंडर की कीमत 942 रुपये है। मुंबई में यह 941.50 रुपये, कोलकाता में 968 रुपये और चेन्नई में 957.50 रुपये है। कमर्शियल गैस सिलेंडर की कीमत घरेलू सिलेंडर से काफी ज्यादा है। सितंबर की शुरुआत में 19 किलोग्राम वाले कमर्शियल सिलेंडर की कीमत में 9.50 रुपये की बढ़ोतरी की गई थी।
9 बड़े शहरों में LPG के दाम
शहर घरेलू सिलेंडर कमर्शियल सिलेंडर
दिल्ली ₹942 ₹2,747.50
मुंबई ₹941.50 ₹2,701
कोलकाता ₹968 ₹2,884
बेंगलुरु ₹944.50 ₹2,831
विजयवाड़ा ₹966.50 ₹2,890
चेन्नई ₹957.50 ₹2,916.50
कटक ₹968 ₹2,885
प्रयागराज ₹994.50 ₹2,885
रांची ₹1,010.50 ₹2,925.50
शहर के हिसाब से एलपीजी की कीमत अलग होती है। इसका कारण टैक्स, डिस्ट्रीब्यूशन खर्च और स्थानीय लागत में अंतर है।
क्रूड ऑयल और महंगा हुआ तो क्या होगा?
अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों को लेकर चिंता बढ़ी हुई है। ब्रिकवर्क रेटिंग्स की रिपोर्ट के अनुसार, वित्त वर्ष 2026-27 की दूसरी छमाही में ब्रेंट क्रूड की औसत कीमत बेस केस में 95 से 110 डॉलर प्रति बैरल रह सकती है। रिपोर्ट में हाई-रिस्क स्थिति में कीमत 120 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंचने की संभावना भी जताई गई है। यह एक अनुमान है, मौजूदा कीमत का आंकड़ा नहीं। असली कीमत पश्चिम एशिया के हालात, तेल की सप्लाई और वैश्विक मांग समेत कई बातों पर निर्भर करेगी।
LPG पर तेल कंपनियों को हो रहा है नुकसान
ICRA की रिपोर्ट के मुताबिक, मौजूदा ऊंची तेल कीमतों के बीच भी तेल कंपनियों को घरेलू एलपीजी सिलेंडर पर करीब 300 रुपये की अंडर-रिकवरी हो रही है। इसका मतलब है कि सिलेंडर की बिक्री से मिलने वाली रकम और उसकी लागत के बीच अंतर बना हुआ है। अगर कच्चे तेल की कीमत लंबे समय तक 115 से 125 डॉलर प्रति बैरल के बीच रहती है तो घरेलू एलपीजी पर तेल कंपनियों का सालाना नुकसान काफी बढ़ सकता है। ICRA के अनुमान के मुताबिक यह नुकसान करीब 1.21 लाख करोड़ रुपये तक पहुंच सकता है।
अभी आम लोगों पर क्या असर है?
फिलहाल 14.2 किलोग्राम वाले घरेलू एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में बदलाव नहीं हुआ है। इसलिए घरों में खाना बनाने के लिए इस्तेमाल होने वाली गैस की कीमत पर तुरंत कोई अतिरिक्त बोझ नहीं पड़ा है। हालांकि, अगर अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमत लंबे समय तक ऊंची रहती है तो तेल कंपनियों की लागत बढ़ सकती है। ऐसी स्थिति में सरकार की ओर से मिलने वाली मदद और घरेलू गैस की कीमतों पर आगे लिए जाने वाले फैसले अहम होंगे।