Bihar Crime:सोशल मीडिया की अदावत में स्कूल में चाकूबाज़ी, दो छात्र लहूलुहान, विद्यालय में मची अफरातफरी

Bihar Crime: सोशल मीडिया की अदावत ने उस वक्त खूनी शक्ल अख़्तियार कर ली, जब स्कूल की चारदीवारी के भीतर ही चाकू निकल आया।

सोशल मीडिया की अदावत में स्कूल में चाकूबाज़ी- फोटो : reporter

Bihar Crime: सोशल मीडिया की अदावत ने उस वक्त खूनी शक्ल अख़्तियार कर ली, जब स्कूल की चारदीवारी के भीतर ही चाकू निकल आया। बिहार के भोजपुर जिले के टाउन थाना क्षेत्र के धनुपरा स्थित डीएवी स्कूल में इंस्टाग्राम पर हुए विवाद को लेकर दो छात्रों पर जानलेवा हमला किया गया। इस सनसनीखेज़ वारदात में दारोगा पुत्र समेत दो नाबालिग छात्र गंभीर रूप से ज़ख़्मी हो गए। घटना के बाद पूरे विद्यालय में अफरातफरी मच गई और कुछ देर तक दहशत का माहौल कायम रहा।

जानकारी के मुताबिक, स्कूल के छात्रों के बीच इंस्टाग्राम पर किसी बात को लेकर तनातनी चल रही थी। वही ऑनलाइन तकरार देखते-देखते ऑफलाइन हिंसा में तब्दील हो गई। आरोप है कि विवाद के दौरान एक छात्र ने चाकू निकाल लिया और दो छात्रों पर ताबड़तोड़ वार कर दिया। खून से लथपथ दोनों घायल छात्रों को आनन-फानन में स्कूल के शिक्षकों ने इलाज के लिए आरा सदर अस्पताल पहुंचाया। वहां प्राथमिक उपचार के बाद एक छात्र की हालत नाज़ुक देख उसे पटना रेफर कर दिया गया।

ज़ख़्मियों की पहचान शाहपुर थाना क्षेत्र के महाराजा गांव निवासी सह दारोगा राकेश कुमार सिंह के 15 वर्षीय पुत्र आदित्य सिंह के रूप में हुई है, जो फिलहाल टाउन थाना क्षेत्र के सपना सिनेमा मोती टोला मोहल्ले में रह रहा है। दूसरा घायल छात्र टाउन थाना क्षेत्र के आनंद नगर मोहल्ला निवासी 15 वर्षीय आदित्य कुमार है। बताया जा रहा है कि आदित्य कुमार के बाएं गाल पर चाकू का गहरा ज़ख़्म है, जबकि दूसरे आदित्य को शरीर के कई हिस्सों में वार लगे हैं। घायल आदित्य कुमार के पिता राकेश कुमार सिंह बिहार पुलिस में दारोगा हैं और वर्तमान में नालंदा जिले के राजगीर में तैनात हैं।

घटना की सूचना मिलते ही टाउन थाना पुलिस हरकत में आई। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी नाबालिग को विधि विरुद्ध निरुद्ध कर लिया है और वारदात में इस्तेमाल किए गए चाकू को भी जब्त कर लिया गया है। पुलिस के मुताबिक पूरे मामले की गहन जांच की जा रही है और सोशल मीडिया विवाद की जड़ तक पहुंचने की कोशिश जारी है।

इस वारदात ने एक बार फिर सवाल खड़ा कर दिया है कि क्या सोशल मीडिया की बेलगाम दुश्मनी बच्चों को जुर्म की राह पर धकेल रही है? स्कूल, जो तालीम का गढ़ माना जाता है, वहां चाकूबाज़ी यह सिर्फ़ वारदात नहीं, बल्कि सिस्टम के लिए भी एक सख़्त चेतावनी है।

रिपोर्ट- आशीष कुमार