Patna Food Raids: सावधान! पटना में ऑनलाइन आर्डर कर रहे हैं? ब्लिंकिट और नाइन टू नाइन स्टोर से मिला कीड़ा लगा मैदा और एक्सपायरी दूध!खाद्य सुरक्षा विभाग के छापे में ये भी हुआ खुलासा

Patna Food Safety Raid: राजधानी पटना में आम लोगों की सेहत और खाद्य सुरक्षा को लेकर प्रशासन ने सख्त रुख अख्तियार किया है।...

ऑनलाइन ग्रॉसरी से आ रहा है जहर!- फोटो : X

Patna Food Safety Raid: राजधानी पटना में आम लोगों की सेहत और खाद्य सुरक्षा को लेकर प्रशासन ने सख्त रुख अख्तियार किया है। खाद्य संरक्षा आयुक्त कुमार रवि के निर्देश पर खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने विभिन्न खाद्य प्रतिष्ठानों, ब्लिंकिट वेयरहाउस और नाइन टू नाइन स्टोर में छापेमारी कर खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता, भंडारण और स्वच्छता व्यवस्था की जांच की। इस कार्रवाई में कई गंभीर अनियमितताएं सामने आईं। कहीं एक्सपायरी खाद्य पदार्थ मिले, तो कहीं गंदगी और असंतोषजनक भंडारण व्यवस्था ने खाद्य सुरक्षा मानकों पर सवाल खड़े कर दिए। विभाग ने नियमों के तहत सुधार नोटिस जारी किए और अनुपयोगी खाद्य सामग्रियों को नष्ट कराया।

ब्लिंकिट वेयरहाउस में 2.13 करोड़ रुपये के खाद्य उत्पादों के वितरण पर रोक

नसीरपुर, ताजपुर, बायपास रोड स्थित ब्लिंकिट वेयरहाउस की जांच के दौरान होल फार्म ब्रांड के 276 प्रकार के खाद्य उत्पादों के करीब 25 टन स्टॉक के वितरण पर रोक लगाई गई। इसके अलावा बेसिक ब्रांड की विभिन्न किस्मों की 3,102 किलोग्राम दाल की बिक्री पर भी रोक लगाई गई। इन खाद्य सामग्रियों का कुल अनुमानित मूल्य 2,13,99,535 रुपये बताया गया है। इतनी बड़ी मात्रा में खाद्य उत्पादों के वितरण पर रोक की कार्रवाई को विभाग की जांच का अहम हिस्सा माना जा रहा है।

नाइन टू नाइन स्टोर में एक्सपायरी सामान नष्ट

एसके नगर स्थित नाइन टू नाइन प्रतिष्ठान में निरीक्षण के दौरान क्षतिग्रस्त और एक्सपायरी खाद्य पदार्थ एक जगह भंडारित मिले। खाद्य सुरक्षा टीम ने संचालक की मौजूदगी में 12 किलोग्राम सत्तू, 24 किलोग्राम सूजी, 12 किलोग्राम बेसन, 49 किलोग्राम आटा, 49 किलोग्राम मैदा और मसालों सहित कुल 14,740 रुपये मूल्य की खाद्य सामग्री नष्ट कराई। कार्रवाई का उद्देश्य इन उत्पादों की दोबारा बिक्री रोकना था।

ब्लिंकिट के अलग-अलग स्टोरों में मिलीं खामियां

इंद्रपुरी स्थित ब्लिंकिट स्टोर में 49.5 लीटर एक्सपायरी अमूल दूध पाया गया। इसके अतिरिक्त चावल, घी, सूजी, मिक्स अचार, ग्लूकोंडी और चीनी के छह नमूने जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे गए। परिसर में अस्वच्छता, सैनिटाइजेशन की उचित व्यवस्था नहीं होने और डीप फ्रीजर की स्थिति संतोषजनक नहीं पाए जाने पर 14 दिनों का सुधार नोटिस जारी किया गया।

आनंदपुरी स्थित ब्लिंकिट स्टोर नंबर 166 में भंडारण रैक पर धूल और गंदगी मिली। फ्रोजन रूम में शाकाहारी और मांसाहारी खाद्य पदार्थ एक साथ रखे हुए पाए गए। यहां 162 किलोग्राम नारियल पाउडर, 15 किलोग्राम मोतीचूर के लड्डू और 13 किलोग्राम आटा समेत करीब 190 किलोग्राम खाद्य सामग्री नष्ट कराने की कार्रवाई की गई। इसकी अनुमानित कीमत लगभग 16,000 रुपये बताई गई है।

कंकड़बाग से सादिकपुर तक जांच, लाइसेंस और स्वच्छता पर सवाल

कंकड़बाग स्थित मेसर्स आदित्य नाइन टू नाइन सुपर मार्केट से साबूदाना का नमूना लिया गया। निरीक्षण में पेस्ट कंट्रोल की व्यवस्था नहीं होने, कर्मचारियों के स्वास्थ्य प्रमाणपत्र उपलब्ध नहीं होने और खाद्य तथा अखाद्य वस्तुओं को एक साथ रखने जैसी कमियां सामने आईं।

वहीं, सादिकपुर स्थित ब्लिंकिट कॉमर्स प्राइवेट लिमिटेड के स्टोर से हल्दी का नमूना संग्रहित किया गया। यहां खाद्य और अखाद्य वस्तुओं को एक ही स्थान पर रखा गया था। साथ ही, चालान पर दर्ज खाद्य लाइसेंस नंबर दूसरे स्टोर का पाया गया। इन मामलों में भी संबंधित प्रतिष्ठानों को कमियां दूर करने के लिए 14 दिनों का नोटिस जारी किया गया।

WOW China Restaurant में कीड़ा लगा मैदा और एक्सपायरी सामग्री नष्ट

खाद्य सुरक्षा अधिकारी ने रामनगरी मोड़, आशियाना रोड स्थित वाइओवाइ चाइना रेस्टोरेंट समेत संबंधित प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया। जांच के दौरान एक्सपायरी और असुरक्षित खाद्य सामग्री मिलने पर संचालक की मौजूदगी और सहमति से उसे नष्ट कराया गया।

नष्ट की गई सामग्री में 500 ग्राम एक्सपायरी चिकन सीजनिंग पाउडर, 2.5 किलोग्राम मोनोसोडियम ग्लूटामेट (MSG), 3.4 किलोग्राम स्वीट कॉर्न और पांच किलोग्राम कीड़ा लगा मैदा शामिल था। इसके अतिरिक्त 12 किलोग्राम नूडल्स भी विनष्टीकरण पंचनामे में दर्ज किए गए। खाद्य सामग्री को डस्टबिन में डालकर नष्ट किया गया, ताकि उसका दोबारा इस्तेमाल या बिक्री न हो सके।

खाद्य कारोबारियों को साफ संदेश, नियमों से समझौता नहीं

इस पूरी कार्रवाई के जरिए खाद्य सुरक्षा विभाग ने स्पष्ट किया है कि खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता, सुरक्षित भंडारण, साफ-सफाई और लाइसेंस संबंधी नियमों की अनदेखी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। संबंधित प्रतिष्ठानों को सुधार के लिए समय दिया गया है। अब यह देखना अहम होगा कि निर्धारित अवधि में कमियों को दूर किया जाता है या आगे नियमानुसार कार्रवाई की जरूरत पड़ती है।आम उपभोक्ताओं के लिए भी यह कार्रवाई सतर्क रहने का संदेश देती है। खाद्य पदार्थ खरीदते समय एक्सपायरी डेट, पैकेजिंग की स्थिति और उत्पाद की गुणवत्ता की जांच करना जरूरी है। सुरक्षित भोजन केवल उपभोक्ता का अधिकार नहीं, बल्कि खाद्य कारोबारियों और संबंधित विभागों की साझा जिम्मेदारी भी है।

ब्यूरो रिपोर्ट