सीबीएसई 12वीं परीक्षा 2026 में अनुराग शंकर ने 95% अंक के साथ विद्या विहार, पूर्णिया में किया टॉप
विद्या विहार आवासीय विद्यालय, पूर्णिया ने केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड द्वारा घोषित कक्षा 12वीं परीक्षा 2026 के परिणाम में एक बार फिर उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए अपनी शैक्षणिक श्रेष्ठता को सिद्ध किया है। विद्यालय के छात्र अनुराग शंकर ने 95 प्रतिशत
पूर्णिया : विद्या विहार आवासीय विद्यालय, पूर्णिया ने केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड द्वारा घोषित कक्षा 12वीं परीक्षा 2026 के परिणाम में एक बार फिर उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए अपनी शैक्षणिक श्रेष्ठता को सिद्ध किया है। विद्यालय के छात्र अनुराग शंकर ने 95 प्रतिशत अंक प्राप्त कर विद्यालय में प्रथम स्थान प्राप्त किया।
विद्यालय के सभी विद्यार्थियों ने प्रथम श्रेणी प्राप्त कर विद्यालय की उत्कृष्ट शैक्षणिक परंपरा को और मजबूत किया।
परिणामों का सारांश
* विद्यालय टॉपर: अनुराग शंकर – 95%
* पेंटिंग विषय में 7 विद्यार्थियों ने 100 में 100 अंक प्राप्त किए
विद्यालय के शीर्ष 10 मेधावी छात्र
| क्रमांक | छात्र का नाम | प्रतिशत |
| ------: | ------------------ | ------: |
| 1 | अनुराग शंकर | 95.0% |
| 2 | सूरज कुमार | 90.0% |
| 3 | एम. डी. वाशिम रज़ा | 88.6% |
| 4 | हर्षित मिश्रा | 87.6% |
| 5 | माही कुमारी | 87.2% |
| 6 | हर्षित आनंद वत्स | 86.8% |
| 7 | उमंग कुमार | 84.6% |
| 8 | हर्षित | 84.2% |
| 9 | प्रगति कुमारी | 84.2% |
| 10 | सृष्टि संगम | 82.6% |
संकायवार शीर्ष 3 मेधावी छात्र
विज्ञान संकाय (भौतिकी, रसायन विज्ञान एवं गणित)
| क्रमांक | छात्र का नाम | प्रतिशत |
| ------: | ------------- | ------: |
| 1 | अनुराग शंकर | 95.0% |
| 2 | सूरज कुमार | 90.0% |
| 3 | हर्षित मिश्रा | 87.6% |
विज्ञान संकाय (भौतिकी, रसायन विज्ञान एवं जीवविज्ञान)
| क्रमांक | छात्र का नाम | प्रतिशत |
| ------: | ------------------ | ------: |
| 1 | एम. डी. वाशिम रज़ा | 88.6% |
| 2 | सृष्टि संगम | 82.6% |
| 3 | मृदुल बसु | 81.6% |
वाणिज्य संकाय
| क्रमांक | छात्र का नाम | प्रतिशत |
| ------: | ---------------- | ------: |
| 1 | माही कुमारी | 87.2% |
| 2 | हर्षित आनंद वत्स | 86.8% |
| 3 | प्रगति कुमारी | 84.2% |
विषयवार टॉपर
| विषय | सर्वोच्च अंक | छात्र का नाम |
| ------------------ | -----------: | ------------------------------ |
| अंग्रेज़ी | 96 | मिलिंद मयंक |
| भौतिकी | 91 | अनुराग शंकर |
| रसायन विज्ञान | 95 | अनुराग शंकर |
| गणित | 94 | अनुराग शंकर |
| जीवविज्ञान | 93 | मृदुल बसु |
| व्यवसाय अध्ययन | 90 | माही कुमारी |
| लेखा शास्त्र | 90 | माही कुमारी |
| अर्थशास्त्र | 82 | हर्षित आनंद वत्स |
| सूचना प्रौद्योगिकी | 85 | मृदुल बसु |
| शारीरिक शिक्षा | 91 | हरिनीथा मिश्रा एवं मिलिंद मयंक |
| पेंटिंग | 100 | 7 विद्यार्थी |
पेंटिंग विषय में 100 में 100 अंक प्राप्त करने वाले 7 विद्यार्थी
1. अनुराग शंकर
2. माही कुमारी
3. हर्षित आनंद वत्स
4. उमंग कुमार
5. प्रगति कुमारी
6. भार्गव कुमार
7. प्रगति राज
एकीकृत आवासीय शिक्षा व्यवस्था की विशेषता
विद्या विहार आवासीय विद्यालय में विज्ञान, वाणिज्य और कला—तीनों संकायों में पूर्णतः आवासीय व्यवस्था के साथ एकीकृत शिक्षा प्रदान की जाती है। यहाँ विद्यार्थी विद्यालय परिसर में रहकर बोर्ड परीक्षाओं के साथ-साथ जेईई, नीट, क्लैट, क्यूईटी तथा अन्य राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी एक साथ करते हैं।
30 वर्षों की गौरवशाली शैक्षणिक यात्रा
वर्ष 2026 में विद्या विहार आवासीय विद्यालय अपनी स्थापना के 30 वर्ष पूर्ण करने जा रहा है। तीन दशकों से यह संस्थान पूर्वी बिहार और सीमांचल क्षेत्र के विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, अनुशासन, संस्कार और प्रतिस्पर्धी तैयारी प्रदान कर रहा है।
विद्यालय प्रबंधन के संदेश
चेयरमैन प्रो. (डॉ.) रत्नेश्वर मिश्र ने कहा, “यह परिणाम विद्यार्थियों की प्रतिभा, परिश्रम और शिक्षकों की निष्ठा का उत्कृष्ट उदाहरण है। विद्या विहार ने सदैव गुणवत्ता, अनुशासन और संस्कार पर आधारित शिक्षा को प्राथमिकता दी है।”
सचिव श्री राजेश चंद्र मिश्रा ने कहा, “हमारा उद्देश्य विद्यार्थियों को ऐसा वातावरण प्रदान करना है जहाँ वे बोर्ड परीक्षाओं के साथ-साथ विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं में भी उत्कृष्ट सफलता प्राप्त कर सकें।”
निदेशक श्री रंजीत पॉल ने कहा, “एकीकृत आवासीय शिक्षा व्यवस्था, अनुभवी शिक्षकों का मार्गदर्शन और नियमित मूल्यांकन ही इस सफलता की आधारशिला है।”
प्राचार्य श्री निखिल रंजन ने कहा, “अनुराग शंकर सहित सभी विद्यार्थियों ने अपने समर्पण और निरंतर प्रयास से यह सिद्ध किया है कि सही दिशा में किया गया परिश्रम अवश्य सफलता दिलाता है।”
भविष्य की ओर दृष्टि
विद्या विहार आवासीय विद्यालय आगे भी शैक्षणिक उत्कृष्टता, नैतिक मूल्यों और प्रतियोगी तैयारी के माध्यम से विद्यार्थियों को राष्ट्रीय एवं वैश्विक स्तर की चुनौतियों के लिए तैयार करता रहेगा।