पटना की बहु अंजलि यादव की शानदार उपलब्धि, अमेरिकी संस्था ग्लोबल स्कॉलर अवार्ड से करेगी सम्मानित

PATNA : पटना के फुलवारीशरीफ ईसोपुर की पुत्रवधू अंजलि यादव को अमेरिकन एसोशियेशन ऑफ कैन्सर रिसर्च के वर्ष 2022 के प्रतिष्ठित ग्लोबल स्कॉलर अवार्ड के लिए चुना गया है। इसकी घोषणा के साथ ही फुलवारीशरीफ में खुशी का माहौल बन गया है। बताते चलें कि यह अवार्ड विश्व के दस युवा वैज्ञानिकों को कैन्सर से सम्बंधित उनके उत्कृष्ट शोधकार्य के लिए दिया जाता है।

बताते चलें की अंजलि यादव का जन्म उत्तर प्रदेश के देवरिया जिले में हुआ था। केंद्रीय विद्यालय चंडीगढ़ से उन्होंने मैट्रिक की परीक्षा पास की। हालाँकि उन्होंने शोध कार्य के लिए सोच रखा था। अंजली यादव ने बताया कि मुख्य रूप से वे पुरुषों में होने वाले कैंसर पर शोध कर रही हैं। उनका यह शोध वर्ष 2018 के पहले से शुरू हुआ था जो वर्ष 2022 में पूरा होने जा रहा है। एक फरवरी को घोषित इस पुरस्कार के लिए भारत से अंजलि यादव को चुना गया है। उन्होंने बताया कि इस पुरस्कार के लिए चुने जाने के बाद विजेताओं को अमेरिकन कैन्सर एसोशियेशन द्वारा अप्रैल में कराए जा रहे सम्मेलन में शोधपत्र प्रस्तुत करने के लिए आमंत्रित किया गया है, जिसका पूरा खर्च एसोशियेशन ही वहन करेगी। यह सम्मेलन न्यू ऑर्लिंस, लुशियाना, अमेरिका में आयोजित होने जा रहा है, जिसमें दुनिया के कई देशों के वरिष्ठ और युवा वैज्ञानिक भाग लेने के लिए पहुचेंगे।

हालाँकि अंजलि यादव मूलरूप से से उत्तर प्रदेश के देवरिया जिले की निवासी हैं। लेकिन 2019 में फुलवारी शरीफ़ के इसोपुर निवासी सत्येंद्र प्रसाद के बेटे मुकेश कुमार से उनकी शादी हुई है। मुकेश कुमार भी न्यूयॉर्क के कॉर्नेल यूनिवर्सिटी में मस्तिष्क सम्बन्धी बीमारी पर शोधरत हैं। अंजलि वर्तमान में आई-आई-टी कानपुर में पुरुषों में होने वाले प्रोस्टेट कैन्सर पर शोध कर रही हैं। उनके रिसर्च से प्रास्टेट कैन्सर जैसी घातक बीमारी को रोकने में मदद मिलेगी। इसके पहले भी साल 2017 में अपना शोधपत्र अमेरिका के ही ऑर्लैंडो शहर में हुए विश्व सम्मेलम में प्रस्तुत कर चुकी हैं। अंजलि ने बताया कि उनके इस शोध कार्य में उनके पति सहित ससुराल के सभी लोगों ने अपना पूरा पूरा सहयोग दिया है।

पटना से सुमित की रिपोर्ट