आरा के ऐतिहासिक अरण्य देवी मंदिर में नवरात्र के पहले दिन उमड़ा भक्तों का जनसैलाब, भगवान राम और पांडवों से जुड़ा है इस प्राचीन सिद्ध पीठ का इतिहास

आरा के ऐतिहासिक अरण्य देवी मंदिर में नवरात्र के पहले दिन उमड
आरा के ऐतिहासिक अरण्य देवी मंदिर में उमड़ा भक्तों का जनसैलाब- फोटो : आशीष श्रीवास्तव

Arah : पूरे देश के साथ-साथ बिहार में भी शारदीय नवरात्र की धूम मची हुई है। नवरात्र के पहले दिन आज प्रदेशभर के देवी मंदिरों में भक्तों का भारी जनसैलाब उमड़ पड़ा है और श्रद्धालु मां दुर्गा की आराधना में पूरी तरह लीन नजर आ रहे हैं। इधर भोजपुर जिले के आरा शहर स्थित ऐतिहासिक और पौराणिक माता अरण्य देवी मंदिर में सुबह से ही माता के दर्शन और पूजन के लिए भक्तों का तांता लगा हुआ है।


हजारों वर्ष पुराना इतिहास, भगवान राम और पांडवों ने भी की थी पूजा

देशभर में शक्तिपीठ और सिद्ध पीठ के रूप में विख्यात माता अरण्य देवी के मंदिर का इतिहास हजारों वर्ष पुराना है। पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, बक्सर जाते समय महर्षि विश्वामित्र के साथ मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्री राम ने भी यहां आकर माता की पूजा-अर्चना कर आशीर्वाद लिया था। इसके अलावा, अज्ञातवास के दौरान पांचों पांडव भाइयों ने भी माता अरण्य देवी के दरबार में हाजिरी लगाकर उनका आशीर्वाद प्राप्त किया था।


देश-विदेश से पहुंचते हैं श्रद्धालु, भव्य सजावट के साथ शुरू हुई पूजा-अर्चना

यूं तो सालभर इस मंदिर में भक्तों का आना-जाना लगा रहता है, लेकिन नवरात्र के पावन अवसर पर देश के कोने-कोने से लाखों की संख्या में श्रद्धालु यहां पहुंचकर माता का आशीर्वाद लेते हैं। 


मंदिर के सिद्ध पीठ और शक्तिपीठ होने के कारण इसकी महत्ता और अधिक बढ़ जाती है, जिससे देश ही नहीं बल्कि विदेशों से भी भक्त यहां दर्शन के लिए पहुंचते हैं। नवरात्र के पहले दिन मंदिर को बेहद खूबसूरती से सजाया गया है। सुबह भव्य शृंगार और आरती के बाद से ही कतारबद्ध होकर भक्त मां अरण्य देवी की पूजा-अर्चना में जुटे हैं।


आशिष की रिपोर्ट