Bihar News: फ्री सफर के दावे पर सवाल! सम्राट चौधरी की घोषणा के 24 घंटे बाद ही गंगा पार कराने के नाम पर वसूली का वीडियो वायरल
Bihar News: भागलपुर और नवगछिया के बीच आवागमन को लेकर सरकार की बड़ी घोषणा अब सवालों के घेरे में आ गई है।...
Bihar News: भागलपुर और नवगछिया के बीच आवागमन को लेकर सरकार की बड़ी घोषणा अब सवालों के घेरे में आ गई है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी द्वारा गंगा पार करने वाले यात्रियों और निजी वाहनों के लिए नाव एवं जहाज सेवा को पूरी तरह निःशुल्क करने के ऐलान के महज एक दिन बाद ही एक वायरल वीडियो ने प्रशासनिक व्यवस्था पर गंभीर प्रश्नचिह्न खड़े कर दिए हैं। रविवार को विक्रमशिला सेतु के निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने स्पष्ट शब्दों में कहा था कि जब तक पुल पूरी तरह से चालू नहीं हो जाता, तब तक गंगा पार करने वाले यात्रियों से किसी भी प्रकार का शुल्क नहीं लिया जाएगा। उन्होंने भरोसा दिलाया था कि सरकार स्वयं इसकी व्यवस्था करेगी ताकि आम लोगों को किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े। वीडियो की पुष्टि न्यूज4नेशन नहीं करता है।
लेकिन सोमवार को सामने आए एक वीडियो ने पूरे मामले को नई दिशा दे दी है। वायरल वीडियो में कुछ नाविक कथित तौर पर यात्रियों से गंगा पार कराने के बदले किराया वसूलते दिखाई दे रहे हैं। वीडियो सामने आने के बाद लोगों के बीच चर्चा तेज हो गई है कि आखिर मुख्यमंत्री के आदेश का पालन धरातल पर क्यों नहीं हो रहा है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि सरकार की घोषणा के बाद उन्हें राहत की उम्मीद जगी थी। रोजाना गंगा पार कर आने-जाने वाले हजारों लोगों को लगा था कि अब उन्हें अतिरिक्त खर्च नहीं उठाना पड़ेगा। लेकिन यदि नाविकों द्वारा अब भी किराया लिया जा रहा है, तो सरकार की मंशा और जमीनी हकीकत के बीच बड़ा अंतर दिखाई दे रहा है।
इस घटनाक्रम ने प्रशासनिक निगरानी और जवाबदेही पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। लोगों का कहना है कि यदि सरकार ने स्पष्ट निर्देश जारी किए हैं तो फिर स्थानीय स्तर पर उनकी पालना सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी किसकी है? क्या संबंधित विभाग और जिला प्रशासन को निर्देशों की पूरी जानकारी नहीं है, या फिर उन्हें लागू कराने में लापरवाही बरती जा रही है?
राजनीतिक गलियारों में भी इस मुद्दे को लेकर चर्चा शुरू हो गई है। विपक्षी दल सरकार से जवाब मांग सकते हैं कि आखिर जनता को राहत देने के लिए की गई घोषणा के बावजूद कथित वसूली कैसे जारी है।फिलहाल यह मामला लोगों के बीच चर्चा का विषय बना हुआ है। अब सबकी निगाहें जिला प्रशासन और संबंधित विभाग की कार्रवाई पर टिकी हैं। यदि वीडियो में लगाए जा रहे दावे सही साबित होते हैं, तो यह प्रशासनिक तंत्र के लिए एक बड़ी चुनौती और सरकार के लिए असहज स्थिति बन सकती है।
रिपोर्ट- अंजनी कुमार कश्यप