Bihar Crime: पोहा की आड़ में कोडीन कफ सिरप की तस्करी, यूपी से बंगाल जा रही 80 लाख की खेप जब्त, दो गिरफ्तार
Bihar Crime: नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ उत्पाद विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए प्रतिबंधित कोडीन कफ सिरप की खेप जब्त की है।
Bihar Crime: कैमूर जिले में नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ उत्पाद विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए करीब 80 लाख रुपये मूल्य की प्रतिबंधित कोडीन कफ सिरप की खेप जब्त की है। दिल्ली-कोलकाता हाईवे यानी एनएच-19 स्थित समेकित चेकपोस्ट, मोहनिया पर वाहन जांच के दौरान यह कार्रवाई की गई। तस्करों ने प्रतिबंधित कफ सिरप को पोहा (चूड़ा) की आड़ में डीसीएम ट्रक के भीतर छिपा रखा था। जब्त खेप उत्तर प्रदेश से पश्चिम बंगाल ले जाई जा रही थी। मामले में ट्रक चालक और सहचालक को गिरफ्तार किया गया है। उत्पाद विभाग के अनुसार, जब्त कफ सिरप की संख्या करीब 30,200 शीशी है। प्रत्येक शीशी का मूल्य 268 रुपये बताया गया है। इस हिसाब से खेप की कुल कीमत लगभग 80 लाख रुपये आंकी गई है। कार्रवाई के बाद नशे के अवैध कारोबार से जुड़े नेटवर्क को लेकर भी जांच की जा रही है।
समेकित चेकपोस्ट प्रभारी उत्पाद निरीक्षक संतोष कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि विभाग को प्रतिबंधित कफ सिरप की तस्करी से संबंधित गुप्त सूचना मिली थी। इसके आधार पर चेकपोस्ट पर वाहनों की सघन जांच की जा रही थी। इसी दौरान उत्तर प्रदेश की ओर से आ रहे डीसीएम ट्रक संख्या UP93ET3844 को रोककर तलाशी ली गई। जांच के दौरान ट्रक में पोहा की खेप के बीच छिपाकर रखी गई प्रतिबंधित कोडीन कफ सिरप बरामद हुई। इसके बाद उत्पाद विभाग की टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए पूरी खेप जब्त कर ली और ट्रक पर सवार दोनों लोगों को हिरासत में ले लिया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान प्रेमनारायण विश्वकर्मा और गोविंद विश्वकर्मा के रूप में हुई है। दोनों उत्तर प्रदेश के झांसी जिले के निवासी बताए गए हैं। प्रेमनारायण ट्रक का चालक था, जबकि गोविंद सहचालक के रूप में उसके साथ था। उत्पाद विभाग दोनों से पूछताछ कर रहा है, ताकि प्रतिबंधित कफ सिरप की खेप के स्रोत, आपूर्ति और गंतव्य से जुड़े तथ्यों का पता लगाया जा सके।
उत्तर प्रदेश से बिहार होते हुए पश्चिम बंगाल जा रही प्रतिबंधित कफ सिरप की इतनी बड़ी खेप पकड़े जाने के बाद तस्करी के नेटवर्क को लेकर सवाल उठने लगे हैं। एनएच-19 पर स्थित मोहनिया का समेकित चेकपोस्ट अंतरराज्यीय वाहनों की जांच के लिहाज से अहम स्थान है। उत्पाद विभाग की इस कार्रवाई से अवैध नशीले पदार्थों की ढुलाई पर निगरानी की अहमियत एक बार फिर सामने आई है। फिलहाल विभाग गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ कर रहा है। जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा कि इस खेप के पीछे कौन-कौन लोग शामिल हैं और प्रतिबंधित कफ सिरप की आपूर्ति कहां से की गई थी।
रिपोर्ट- देव तिवारी