रोजी-रोटी की तलाश में गया था, ताबूत में लौटा! मध्य प्रदेश में टावर से गिरकर खगड़िया के मजदूर की मौत, गांव पहुंचते ही मचा मातम
Bihar News: दो वक्त की रोटी कमाने घर से सैकड़ों किलोमीटर दूर गया एक मजदूर आखिरकार जिंदगी की जंग हार गया।...
Khagaria: दो वक्त की रोटी कमाने घर से सैकड़ों किलोमीटर दूर गया एक मजदूर आखिरकार जिंदगी की जंग हार गया। मध्य प्रदेश में टावर पर काम करने के दौरान गंभीर हादसे का शिकार हुए खगड़िया के युवक की इलाज के दौरान मौत हो गई। रविवार को जैसे ही उसका शव गांव पहुंचा, पूरे इलाके में कोहराम मच गया। परिजनों की चीख-पुकार और मासूम बच्चों की सिसकियों ने हर किसी की आंखें नम कर दीं।
यह हृदयविदारक घटना चौथम थाना क्षेत्र के भिरिया गांव की है। मृतक की पहचान 35 वर्षीय अनोज कुमार, पिता प्रकाश सिंह, के रूप में हुई है। बताया गया कि अनोज कुमार मध्य प्रदेश में एक टावर पर मिस्त्री का काम करते थे। 3 जुलाई को ड्यूटी के दौरान अचानक टावर से गिरने से वह गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया, लेकिन कई दिनों तक जिंदगी और मौत से संघर्ष करने के बाद 15 जुलाई को उन्होंने दम तोड़ दिया। रविवार सुबह करीब नौ बजे जब एंबुलेंस से उनका पार्थिव शरीर गांव पहुंचा तो पूरे माहौल में गम और मातम पसर गया। अंतिम दर्शन के लिए ग्रामीणों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। हर आंख नम थी और हर जुबान पर यही सवाल था कि आखिर मेहनत-मजदूरी करने निकले युवक की जिंदगी इतनी बेरहमी से क्यों छिन गई।
मृतक अपने पीछे पत्नी काजल देवी, दो छोटे बेटे अंश कुमार और अभिनव कुमार, तथा पुत्री अंशिका कुमारी को छोड़ गए हैं। पति के शव से लिपटकर पत्नी बार-बार बिलखते हुए यही कहती रही, "अब तीन-तीन छोटे बच्चों का पालन-पोषण कैसे होगा?" यह दृश्य देखकर वहां मौजूद लोग भी अपने आंसू नहीं रोक सके।
घटना की सूचना मिलते ही पूर्व मुखिया मनोज कुमार सिंह, जिला परिषद सदस्य प्रवीण कुमार, सामाजिक कार्यकर्ता धीरज कुमार समेत कई जनप्रतिनिधि और ग्रामीण मृतक के घर पहुंचे। सभी ने शोक संतप्त परिवार को सांत्वना दी और हरसंभव सहयोग का भरोसा दिलाया।
अनोज कुमार की असमय मौत ने पूरे गांव को सदमे में डाल दिया है। ग्रामीणों ने सरकार और संबंधित कंपनी से पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा, आर्थिक सहायता और आश्रितों के लिए सरकारी मदद उपलब्ध कराने की मांग की है, ताकि परिवार पर टूटा यह दुख का पहाड़ कुछ हद तक हल्का हो सके।
रिपोर्ट- अमित कुमार