Bihar News : मुंगेर गंगा घाट पर सैन्य सम्मान के साथ हुआ CRPF जवान अमर का अंतिम संस्कार, गांव में पसरा मातम

Bihar News : खगड़िया के सोनवर्षा टोला, वार्ड संख्या 15 निवासी CRPF जवान पमपम कुमार उर्फ अमर का सोमवार सुबह मुंगेर गंगा घाट पर पूरे सैन्य सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया...पढ़िए आगे

Bihar News : मुंगेर गंगा घाट पर सैन्य सम्मान के साथ हुआ CRPF
CRPF जवान का अंतिम संस्कार - फोटो : AMIT

KHAGARIA : जिले के रहीमपुर उत्तरी पंचायत के सोनवर्षा टोला, वार्ड संख्या 15 निवासी CRPF जवान पमपम कुमार उर्फ अमर का सोमवार सुबह मुंगेर गंगा घाट पर सैन्य सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया। 23 साल तक देश की सेवा करने वाले जवान को अंतिम विदाई देने के लिए परिजन, ग्रामीण और साथी जवान मौजूद रहे। साथ आए जवानों ने गार्ड ऑफ ऑनर देकर उन्हें अंतिम सलामी दी। इसके बाद उनकी बड़ी बेटी संध्या कुमारी और भतीजे ऋषिकेश कुमार ने मिलकर मुखाग्नि दी। इस दौरान सेना के एक अधिकारी ने जवान की बेटी को तिरंगा सौंपा। यह दृश्य देखकर वहां मौजूद लोगों की आंखें नम हो गईं।

23 साल देश सेवा 

रविवार देर रात जवान का पार्थिव शरीर उनके पैतृक गांव सोनवर्षा टोला पहुंचा था। सोमवार सुबह अंतिम संस्कार के लिए पार्थिव शरीर मुंगेर गंगा घाट ले जाया गया। देश की रक्षा में करीब 23 साल बिताने वाले जवान को सैन्य सम्मान के साथ अंतिम विदाई दी गई। वहीं, पति को खोने के गम में पत्नी रिंकू देवी का रो-रोकर बुरा हाल है। परिवार के अन्य सदस्यों का भी रो-रोकर हाल बेहाल है। जवान के निधन से गांव में मातम पसरा हुआ है।

पेट्रोलिंग के दौरान अचानक बिगड़ी तबीयत

परिजनों के अनुसार, पमपम कुमार छत्तीसगढ़ में CRPF में तैनात थे। ड्यूटी के दौरान पेट्रोलिंग करते समय अचानक चक्कर आने से वे गिर पड़े। इसके बाद उनका निधन हो गया। उनके छोटे भाई हेमंत कुमार ने निधन की पुष्टि की थी। बताया गया कि पमपम कुमार दो दिन पहले ही गांव से ड्यूटी पर लौटे थे। उनके निधन की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। जिस घर में कुछ दिन पहले तक खुशियां थीं, वहां अचानक मातम छा गया।

दो बेटियों को छोड़ गए पीछे

पमपम कुमार अपने पीछे पत्नी रिंकू देवी और दो बेटियों को छोड़ गए हैं। परिवार के लिए यह अपूरणीय क्षति है। अंतिम संस्कार के दौरान बड़ी बेटी संध्या कुमारी और भतीजे ऋषिकेश कुमार द्वारा मिलकर मुखाग्नि देने का दृश्य बेहद भावुक रहा। वहीं, अधिकारी द्वारा बेटी को तिरंगा सौंपना परिवार के लिए गर्व और पीड़ा से भरा पल था। एक ओर देश की सेवा करने वाले जवान की शहादत जैसी सम्मानपूर्ण विदाई थी, तो दूसरी ओर परिवार से हमेशा के लिए बिछड़ने का गहरा दुख। जवान के निधन से सोनवर्षा टोला सहित पूरे क्षेत्र में शोक की लहर है।

अमित की रिपोर्ट