खगड़िया के युवक की बेंगलुरु में दर्दनाक मौत: रोजी-रोटी की तलाश में गए अमित की पांचवीं मंजिल से गिरकर थमी सांसें, गांव में पसरा सन्नाटा

खगड़िया के युवक की बेंगलुरु में दर्दनाक मौत: रोजी-रोटी की तल
खगड़िया के युवक की बेंगलुरु में दर्दनाक मौत- फोटो : अमित कुमार

Khagariya : जिले से रोजी-रोटी कमाने सुदूर बेंगलुरु गए एक युवक की बहुमंजिला इमारत से गिरकर दर्दनाक मौत हो गई. पौरा थाना क्षेत्र के रहने वाले देवनारायण शर्मा के पुत्र अमित शर्मा बेंगलुरु के एक कंस्ट्रक्शन साइट पर काम करने के दौरान पांचवीं मंजिल से नीचे गिर गए थे. गंभीर रूप से घायल अमित का स्थानीय अस्पताल में इलाज चल रहा था, लेकिन डॉक्टरों की तमाम कोशिशों के बावजूद उनकी जिंदगी नहीं बचाई जा सकी. इस मनहूस खबर के खगड़िया पहुंचते ही मृतक के परिजनों में चीख-पुकार मच गई है और पूरे गांव में मातमी सन्नाटा पसरा हुआ है.


घर की बदहाली दूर करने पिछले महीने ही बिहार से गया था बेंगलुरु

परिजनों से मिली जानकारी के अनुसार, अमित शर्मा अपने पीछे बूढ़े माता-पिता और पूरे परिवार के भरण-पोषण की भारी जिम्मेदारी छोड़ गए हैं. घर की माली हालत ठीक न होने के कारण वे अपने परिवार को एक बेहतर जिंदगी देने का सपना लेकर पिछले महीने ही रोजगार की तलाश में बेंगलुरु रवाना हुए थे. उन्हें उम्मीद थी कि वहां मेहनत-मजदूरी कर जो पैसे कमाएंगे, उससे घर का कर्ज और आर्थिक तंगी दूर हो जाएगी, लेकिन किसे पता था कि यह सफर उनकी जिंदगी का आखिरी सफर साबित होगा.


16 जून को काम के दौरान पैर फिसलने से हुआ भयानक हादसा

बेंगलुरु से आए सहकर्मियों के मुताबिक, यह खौफनाक हादसा बीते 16 जून 2026 को काम के दौरान हुआ. अमित एक पांच मंजिला निर्माणाधीन भवन पर रोजाना की तरह काम कर रहे थे. इसी दौरान अचानक संतुलन बिगड़ने या पैर फिसलने के कारण वे सीधे पांचवीं मंजिल से नीचे आ गिरे. इमारत से नीचे गिरते ही वे लहूलुहान हो गए और उनके सिर व शरीर के अन्य हिस्सों में गंभीर आंतरिक चोटें आईं.


सहकर्मियों ने अस्पताल में कराया था भर्ती, इलाज के दौरान तोड़ा दम

हादसे के तुरंत बाद कार्यस्थल पर मौजूद अन्य मजदूरों और सहकर्मियों के बीच अफरा-तफरी मच गई. सहकर्मियों ने बिना वक्त गंवाए बदहवास हालत में अमित को नजदीकी स्थानीय अस्पताल के आईसीयू (ICU) में भर्ती कराया, जहां डॉक्टरों की विशेष टीम की निगरानी में उनका सघन इलाज शुरू किया गया. डॉक्टरों ने अमित की स्थिति नाजुक देखते हुए उन्हें बचाने के लिए अपनी पूरी ताकत झोंक दी, परंतु लगातार गिरते स्वास्थ्य और गहरे जख्मों के कारण आखिरकार इलाज के दौरान ही उनकी सांसें थम गईं.


"किस्मत को कुछ और ही मंजूर था", परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल

अमित की असामयिक और दर्दनाक मौत की खबर जैसे ही मोबाइल के जरिए खगड़िया में उनके घर पहुंची, मां-बाप और पत्नी पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा. परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और वे बार-बार बेहोश हो जा रहे हैं. रोते-बिलखते परिवार के सदस्यों ने कहा कि अमित घर की बड़ी आर्थिक जिम्मेदारियों को अपने कंधों पर उठाने के लिए ही परदेस कमाने गया था, लेकिन बेरहम किस्मत को कुछ और ही मंजूर था.


शव को पैतृक गांव लाने की तैयारी, स्थानीय लोगों ने जताई गहरी संवेदना

इस दर्दनाक हादसे से न केवल पीड़ित परिवार बल्कि पूरे पौरा थाना क्षेत्र में गहरा शोक व्याप्त है. अमित के स्वभाव को याद कर ग्रामीण भी अपनी आंखों के आंसू नहीं रोक पा रहे हैं. स्थानीय जनप्रतिनिधियों और प्रबुद्ध लोगों ने पीड़ित परिवार के घर पहुंचकर अपनी गहरी संवेदना व्यक्त की है तथा ढांढस बंधाया है. इधर, बेंगलुरु में कानूनी प्रक्रिया और पोस्टमार्टम पूरा होने के बाद अमित के पार्थिव शरीर को हवाई मार्ग या एंबुलेंस के जरिए उनके पैतृक गांव खगड़िया लाने की तैयारी की जा रही है, ताकि उनका अंतिम संस्कार किया जा सके.

अमित की रिपोर्ट