Jamalpur Railway Station: जमालपुर स्टेशन पर छठ के बाद शुरू होगा विकास कार्य, यात्रियों को मिलेंगी नई सुविधाएं

Jamalpur Railway Station: मुंगेर के जमालपुर रेलवे स्टेशन पर छठ के बाद अमृत भारत स्टेशन योजना के दूसरे चरण का काम शुरू होगा। 12 मीटर चौड़ा फुट ओवरब्रिज बनेगा और दुकानें व भोजनालय खुलेंगे।

Jamalpur Railway Station

Jamalpur Railway Station: बिहार के मुंगेर जिले में स्थित जमालपुर रेलवे स्टेशन के विकास को लेकर बड़ी खबर है। छठ पूजा के बाद स्टेशन पर अमृत भारत स्टेशन योजना के दूसरे चरण का काम शुरू किया जाएगा। इसके तहत 12 मीटर चौड़ा फुट ओवरब्रिज बनाया जाएगा, जिससे यात्रियों को प्लेटफॉर्म तक आने-जाने में सुविधा होगी। इसके अलावा, स्टेशन परिसर में बने दो मंजिला व्यावसायिक भवन में दुकानें और भोजनालय खोलने की तैयारी भी चल रही है।


शनिवार को पूर्व रेलवे के मालदा मंडल के एडीआरएम अमरेंद्र कुमार मौर्य ने जमालपुर स्टेशन और कई रेल प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने यात्री सुविधाओं, सुरक्षा व्यवस्था और आपात स्थिति से निपटने की तैयारियों का जायजा लिया।


छठ पूजा के बाद शुरू होगा फुट ओवरब्रिज का निर्माण


निरीक्षण के बाद एडीआरएम अमरेंद्र कुमार मौर्य ने बताया कि छठ पूजा समाप्त होने के बाद अमृत भारत स्टेशन योजना के दूसरे चरण का काम शुरू किया जाएगा। इसके तहत 12 मीटर चौड़ा फुट ओवरब्रिज बनाया जाएगा। इससे यात्रियों को प्लेटफॉर्म बदलने और स्टेशन परिसर में आने-जाने में सहूलियत मिलने की उम्मीद है। स्टेशन के विकास से यात्रियों को बेहतर सुविधाएं देने की योजना है।


स्टेशन पर खुलेंगी दुकानें और भोजनालय


जमालपुर रेलवे स्टेशन परिसर में दो मंजिला व्यावसायिक भवन बनाया गया है। इसमें दुकानें और भोजनालय खोलने की तैयारी चल रही है। इसके लिए टेंडर की प्रक्रिया जारी है। इन सुविधाओं के शुरू होने से यात्रियों को स्टेशन पर ही खाने-पीने का सामान और दूसरी जरूरी चीजें मिल सकेंगी। रेलवे को उम्मीद है कि प्रक्रिया पूरी होने के बाद यात्रियों को इसका लाभ मिलने लगेगा।


दीपावली और छठ पर चलेंगी स्पेशल ट्रेनें


दीपावली और छठ पूजा के दौरान बड़ी संख्या में लोग अपने घर जाते हैं। इस दौरान रेलवे स्टेशनों और ट्रेनों में भीड़ बढ़ जाती है। इसे देखते हुए रेलवे की ओर से स्पेशल ट्रेनें चलाने और जरूरत के अनुसार ट्रेनों के अतिरिक्त ठहराव की व्यवस्था करने की तैयारी है। इसका मकसद त्योहार के दौरान यात्रियों की भीड़ को संभालना और उनकी यात्रा को आसान बनाना है।


दुर्घटना राहत ट्रेन और मेडिकल टीम की तैयारियां जांचीं


निरीक्षण के दौरान एडीआरएम ने कोचिंग डिपो, फ्रेट एग्जामिनेशन यूनिट, पीट लाइन, आरआरआई, डीजल शेड और दुर्घटना राहत ट्रेन का जायजा लिया। मेडिकल राहत यान में मौजूद उपकरणों और चिकित्सा सामग्री की भी जांच की गई। एडीआरएम के अनुसार, किसी रेल दुर्घटना या आपात स्थिति में राहत दल को 10 से 15 मिनट के भीतर घटनास्थल तक पहुंचाने की तैयारी रखी जाती है। इन इंतजामों का उद्देश्य दुर्घटना के समय जल्द राहत पहुंचाना और घायलों को चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराना है।


तीसरी और चौथी रेल लाइन से बढ़ेगी ट्रेनों की क्षमता


मालदा-किऊल रेलखंड पर तीसरी और चौथी रेल लाइन सहित अन्य रेल परियोजनाओं के पूरा होने से ट्रेनों के परिचालन में सुधार होने की उम्मीद है। इससे रेल मार्ग पर ट्रेनों की आवाजाही बढ़ाने और परिचालन क्षमता बेहतर करने में मदद मिलेगी। रेलवे के अनुसार, इन परियोजनाओं से ट्रेनों की गति 130 किलोमीटर प्रति घंटा तक बढ़ाने में भी मदद मिल सकती है। हालांकि, वास्तविक गति संबंधित रेलखंड की स्थिति, सुरक्षा जांच और जरूरी मंजूरी पर निर्भर करेगी।

मुंगेर से इम्तियाज की रिपोर्ट