Bihar Crime News : मुजफ्फरपुर में खेत से लौट रहे किसान की गोली मारकर बदमाशों ने की हत्या, इलाके में मचा हड़कंप
Bihar Crime News : मुजफ्फरपुर के गरहा में किसान हरिशंकर सिंह की गोली मारकर हत्या। पुराने हमले के आरोपी जमानत पर बाहर थे। पुलिस और FSL टीम जांच में जुटी।
MUZAFFARPUR : जिले के गरहा थाना क्षेत्र से एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है, जहाँ बेखौफ बाइक सवार अपराधियों ने एक किसान की गोली मारकर निर्मम हत्या कर दी है। घटना मुरादपुर भरत गांव की है, जहाँ मुरादपुर भरत निवासी हरिशंकर सिंह को उस वक्त निशाना बनाया गया जब वे अपने खेत से काम कर घर लौट रहे थे। इस जघन्य हत्याकांड के बाद पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हरिशंकर सिंह गेहूं के खेत से काम निपटाकर अपने घर की ओर आ रहे थे। घर से महज कुछ ही दूरी पर स्थित मुरादपुर भरत स्कूल के पास पहले से घात लगाए बाइक सवार अपराधियों ने उन पर ताबड़तोड़ गोलियां बरसा दीं। बताया जा रहा है कि उन्हें दो गोलियां लगीं। आनन-फानन में स्थानीय लोग और परिजन उन्हें अस्पताल ले गए, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें देखते ही मृत घोषित कर दिया।
घटना की सूचना मिलते ही गरहा थाना पुलिस, एसडीपीओ टाउन-2 विनीता सिन्हा और एफएसएल (FSL) की टीम मौके पर पहुँची। पुलिस ने घटनास्थल से दो खोखे बरामद किए हैं और वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाने में लगी है। जांच के दौरान यह बात सामने आई है कि मृतक हरिशंकर सिंह पर पिछले वर्ष भी जानलेवा हमला हुआ था और उन पर गोलियां चलाई गई थीं, हालांकि उस समय वे बाल-बाल बच गए थे।
पुरानी रंजिश की बात तब और पुख्ता हो गई जब यह पता चला कि पिछले हमले के मामले में पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। वे तीनों आरोपी फिलहाल न्यायालय से जमानत मिलने के बाद जेल से बाहर हैं। आशंका जताई जा रही है कि जमानत पर बाहर आए उन्हीं आरोपियों ने या उनके गुर्गों ने इस हत्याकांड को अंजाम दिया है। एसडीपीओ विनीता सिन्हा ने भी पुष्टि की है कि पुलिस इस बिंदु को केंद्र में रखकर जांच कर रही है।
फिलहाल, पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और अपराधियों की धरपकड़ के लिए इलाके में छापेमारी तेज कर दी गई है। एसडीपीओ टाउन-2 ने बताया कि सभी संदिग्ध बिंदुओं पर गहनता से जांच की जा रही है और जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। इस घटना ने एक बार फिर जिले में अपराधियों के बढ़ते मनोबल और पुलिस की गश्त पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
मणिभूषण की रिपोर्ट