Bihar News : बिहार के इस पंचायत में जहाँ जलेगी चिताएं, वहीँ बजेगी शहनाई, श्मशान घाट के पास बन रहा विवाह भवन, स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश

Bihar News : बिहार के इस पंचायत में मुखिया जी का अनोखा कारनामा सामने आया है. जहाँ श्मशान घाट के समीप विवाह भवन का निर्माण किया जा रहा है.......पढ़िए आगे

Bihar News : बिहार के इस पंचायत में जहाँ जलेगी चिताएं, वहीँ
एक तरफ शादी दूसरी तरफ शोक - फोटो : SOCIAL MEDIA

MUZAFFARPUR : जिले के मुरौल प्रखंड अंतर्गत बिशनपुर श्रीराम पंचायत से एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है, जहाँ पंचायत की मुखिया ने सरकारी योजना को अमलीजामा पहनाने के लिए ऐसी जगह का चयन किया है जिसे लेकर पूरे इलाके में चर्चा तेज है। मुखिया शैली देवी द्वारा सरकार की महत्वाकांक्षी योजना के तहत बनाए जा रहे विवाह भवन का निर्माण गांव के श्मशान घाट के ठीक बगल में कराया जा रहा है। इस फैसले के बाद ग्रामीणों में मुखिया और स्थानीय प्रशासन के खिलाफ जबरदस्त नाराजगी देखी जा रही है।

योजना पर उठे सवाल

दरअसल, बिहार सरकार द्वारा गरीबों की सुविधा के लिए पंचायतों में सामुदायिक विवाह भवनों का निर्माण कराया जा रहा है ताकि गरीब परिवार कम खर्च में मांगलिक कार्य संपन्न कर सकें। बिशनपुर श्री राम पंचायत में भी लगभग 50 लाख रुपये की लागत से इस भवन का निर्माण कार्य शुरू हुआ है। लेकिन श्मशान घाट के समीप स्थल चयन ने न केवल ग्रामीणों को अचंभित किया है, बल्कि इससे सरकार की इस कल्याणकारी योजना की भी किरकिरी हो रही है।

शहनाई और चिता का विरोधाभास

स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि मुखिया जी का यह कारनामा काबिले तारीफ होने के बजाय हास्यास्पद और दुखद है। लोगों का तर्क है कि हिंदू संस्कृति और मान्यताओं के अनुसार, जहाँ एक तरफ श्मशान में चिताएं जलती हैं और मातम का माहौल रहता है, वहीं दूसरी तरफ विवाह भवन में शहनाई गूंजना और खुशियां मनाना कैसे संभव है? ग्रामीणों का सवाल है कि क्या कोई भी परिवार ऐसी डरावनी और गमगीन जगह पर अपनी बेटी का विवाह करना पसंद करेगा।

प्रशासनिक मिलीभगत का आरोप: इस निर्माण कार्य को लेकर स्थानीय लोगों में प्रखंड कर्मियों और पंचायत प्रतिनिधियों के खिलाफ भारी आक्रोश व्याप्त है। ग्रामीणों का आरोप है कि स्थल चयन में नियमों की अनदेखी की गई है और बिना सोचे-समझे सरकारी धन का दुरुपयोग किया जा रहा है। इस मामले ने अब तूल पकड़ लिया है और ग्रामीण इस निर्माण कार्य को तुरंत रोककर किसी दूसरी उपयुक्त जगह पर भवन बनवाने की मांग कर रहे हैं ताकि योजना का वास्तविक लाभ लोगों को मिल सके।

डीएम ने दिए जांच के आदेश

मामले की गंभीरता और बढ़ते विवाद को देखते हुए मुजफ्फरपुर के जिलाधिकारी सुब्रत कुमार सेन ने कड़ा रुख अपनाया है। उन्होंने कहा कि यह पूरा प्रकरण उनके संज्ञान में आया है और इसकी संवेदनशीलता को देखते हुए अनुमंडल पदाधिकारी (पूर्वी) तुषार कुमार को विस्तृत जांच का जिम्मा सौंपा गया है। जिलाधिकारी ने आश्वासन दिया है कि जांच रिपोर्ट के आधार पर स्थल चयन में हुई त्रुटि और दोषी अधिकारियों के खिलाफ उचित कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।

मणिभूषण की रिपोर्ट