Muzaffarpur Shelter Home Case: मुजफ्फरपुर शेल्टर होम से 10 बच्चों के भागने का मामला, सीसीटीवी में दिखी बड़ी लापरवाही, 6 सुरक्षाकर्मियों पर गिरी गाज

Muzaffarpur Shelter Home Case: मुजफ्फरपुर बालिका गृह कांड की कड़वी यादों के बीच, अब बाल गृह से जुड़ी एक बड़ी खबर सामने आई है।...

Muzaffarpur Shelter Home Case
6 सुरक्षाकर्मियों पर गिरी गाज- फोटो : reporter

Muzaffarpur Shelter Home Case: मुजफ्फरपुर बालिका गृह कांड की कड़वी यादों के बीच, अब बाल गृह से जुड़ी एक बड़ी खबर सामने आई है। प्रशासन ने इस मामले में सुरक्षा और प्रबंधन की भारी चूक को देखते हुए जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई है। छात्रावास से बच्चों के गायब होने या संदिग्ध रूप से निकलने की घटना के बाद मुजफ्फरपुर प्रशासन पूरी तरह एक्शन मोड में है।बिहार के मुजफ्फरपुर में सोमवार तड़के करीब 1.00 बजे मुशरी थाना क्षेत्र के नारौली स्थित एक आश्रय गृह से लगभग 10 बच्चे संदिग्ध परिस्थितियों में फरार हो गए है। इस घटना से जिला प्रशासन और पुलिस विभाग में दहशत फैल गई है। सूचना मिलते ही उप-मंडल अधिकारी (पूर्व), तुषार कुमार, स्थानीय प्रशासनिक अधिकारियों और पुलिस कर्मियों के साथ मौके पर पहुंचे और जांच शुरू की. नारौली स्थित आश्रय गृह के निरीक्षण के दौरान एसडीओ (पूर्व) ने पाया कि 10 बच्चे लापता हैं। इस मामले में अब कार्रवाई शुरु हो गई है।

 यह कर्तव्यहीनता का गंभीर मामला है। घटना के वक्त ड्यूटी पर तैनात 6 होमगार्ड जवानों को तत्काल प्रभाव से ड्यूटी से हटा दिया गया है। सीसीटीवी  फुटेज की जांच में यह 'ब्लंडर' साफ दिखा, जिसमें बालक छात्रावास से एक साथ बाहर निकलते हुए पाए गए। सुरक्षा घेरा होने के बावजूद इतनी बड़ी संख्या में बालकों का निकल जाना प्रबंधन की पोल खोलता है।

मामले की गंभीरता को देखते हुए जिलाधिकारी के निर्देश पर एक उच्च स्तरीय जांच टीम बनाई गई है। इस टीम में एडीएम (आपदा), एसडीएम और डीएसपी जैसे आला अधिकारी शामिल हैं। यह टीम न केवल सुरक्षा में चूक, बल्कि शेल्टर होम के आंतरिक प्रबंधन  की लापरवाही की भी गहराई से पड़ताल करेगी।

जांच टीम को मिले शुरुआती सुरागों में सीसीटीवी फुटेज सबसे अहम साबित हुआ है। फुटेज में साफ दिख रहा है कि बालक एक साथ छात्रावास से निकले, जिसने सुरक्षाकर्मियों की मौजूदगी पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। अब पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि क्या इस घटना के पीछे कोई बाहरी साठगांठ या कोई सुनियोजित साजिश तो नहीं थी।

रिपोर्ट- मणिभूषण शर्मा