नवादा में मिनी शराब फैक्ट्री का भंडाफोड़: आधी रात को DM-SP की लीडरशिप में बड़ी कार्रवाई, 3300 लीटर जावा महुआ नष्ट
ई-रिक्शा के 'सीक्रेट बॉक्स' से लेकर घर के अंदर जलती भट्टी तक; नवादा में शराब माफियाओं के बड़े नेटवर्क का पर्दाफाश हुआ है। उत्पाद विभाग ने छापेमारी कर भारी मात्रा में कच्चा माल बरामद किया इस दौरान मुख्य आरोपी को भी गिरफ्तार किया गया है।
Nawada - : बिहार के नवादा जिले में शराबबंदी कानून को ठेंगा दिखा रहे माफियाओं के खिलाफ प्रशासन ने सर्जिकल स्ट्राइक की है। जिलाधिकारी रवि प्रकाश और एसपी अभिनव दीवान के कड़े रुख के बाद उत्पाद विभाग ने वारिसलीगंज में चल रही एक हाई-टेक अवैध शराब फैक्ट्री का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने मौके से भारी मात्रा में कच्चा माल और तैयार शराब बरामद की है।
घर के अंदर चल रहा था मौत का खेल
गुप्त सूचना के आधार पर उत्पाद विभाग की टीम ने वारिसलीगंज थाना क्षेत्र के मोहिउद्दीनपुर गांव में सचिन चौधरी उर्फ सचिन कुमार के घर पर धावा बोला। टीम उस वक्त दंग रह गई जब घर के अंदर एक पूरी फैक्ट्री संचालित होती पाई गई। शराब बनाने के लिए बाकायदा बड़ी भट्टियां और ई-रिक्शा जैसे संसाधनों का इस्तेमाल किया जा रहा था।
3300 लीटर जावा महुआ घोल किया गया नष्ट
छापेमारी के दौरान उत्पाद विभाग ने फैक्ट्री से भारी मात्रा में कच्चा माल बरामद किया:
2400 लीटर: 12 बड़े ड्रामों में भरा हुआ जावा महुआ घोल।
900 लीटर: 60 बाल्टियों और टीन के डिब्बों में रखा किण्वित घोल।
मौके पर कार्रवाई: टीम ने कुल 3300 लीटर घोल को वहीं बहाकर नष्ट कर दिया। साथ ही एक जलती हुई भट्टी को भी ध्वस्त किया गया।
- ई-रिक्शा के 'सीक्रेट बॉक्स' से सप्लाई का प्लान
अपराधी शराब की तस्करी के लिए ई-रिक्शा का सहारा ले रहे थे। पुलिस ने एक इलेक्ट्रिक ई-रिक्शा जब्त किया है, जिसकी चालक सीट के नीचे बने विशेष बॉक्स में पॉलिथीन में पैक शराब छिपाकर रखी गई थी। मौके से एक घरेलू गैस सिलेंडर और तैयार महुआ शराब भी जब्त की गई है।
पुलिस को धक्का देकर भागने की कोशिश, धरा गया आरोपी
फैक्ट्री का मालिक सचिन चौधरी छापेमारी के दौरान टीम के साथ धक्का-मुक्की कर भागने की फिराक में था, लेकिन मुस्तैद जवानों ने उसे दबोच लिया। पूछताछ में खुलासा हुआ कि सचिन एक शातिर अपराधी है और उस पर पहले से ही पकरीबरावां और वारिसलीगंज थानों में शराब तस्करी के मामले दर्ज हैं।
जांबाज अफसरों की टीम ने किया नेतृत्व
इस सफल अभियान का नेतृत्व अवर निरीक्षक (मद्य निषेध) अशोक कुमार ने किया। टीम में न्यूटन कुमार, पंकज उदास और सुमन भारती जैसे अधिकारियों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। प्रशासन की इस कार्रवाई से इलाके के शराब तस्करों में हड़कंप मचा हुआ है।
रिपोर्ट - अमन सिन्हा