IRCTC Hotel Scam: पूर्व सीएम राबड़ी देवी की याचिका पर कोर्ट की बड़ी सुनवाई, CBI के बाद अब ED को भेजा नोटिस, जवाब तलब

IRCTC Hotel Scam:

राबड़ी देवी
कोर्ट ने ईडी सीबीआई से मांगा जवाब - फोटो : social media

IRCTC Hotel Scam: बिहार की पूर्व मुख्यमंत्री और राजद की वरिष्ठ नेता राबड़ी देवी ने दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट में एक साथ तीन महत्वपूर्ण याचिकाएं दाखिल की हैं। इनमें उन्होंने ईडी के दो मामलों लैंड फॉर जॉब और आईआरसीटीसी घोटाला तथा सीबीआई के लैंड फॉर जॉब मामले की सुनवाई को जज विशाल गोगने की अदालत से किसी अन्य अदालत में स्थानांतरित करने की मांग की है।

CBI-ED को कोर्ट ने भेजा नोटिस 

जिला जज की अदालत ने राबड़ी देवी की याचिकाओं पर सुनवाई करते हुए सीबीआई और ईडी को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है। एजेंसियों के जवाब के बाद अदालत इस पर अगला फैसला करेगी। इन याचिकाओं पर अगली सुनवाई 6 दिसंबर को तय की गई है। इसी दिन राबड़ी देवी की पहले से लंबित कोर्ट ट्रांसफर याचिका पर भी सुनवाई है।

IRCTC केस में अदालत पर पक्षपात का आरोप

राबड़ी देवी ने 24 नवंबर को दाखिल एक अन्य याचिका में दावा किया था कि आईआरसीटीसी घोटाले की सुनवाई कर रही अदालत मामले को पूर्व-नियोजित तरीके से आगे बढ़ा रही है और जज का रवैया निष्पक्ष नहीं दिख रहा है। इसी आधार पर उन्होंने केस को किसी अन्य अदालत में भेजने की अपील की थी। जज विशाल गोगने की अदालत इस वक्त आईआरसीटीसी घोटाले में राबड़ी देवी, लालू प्रसाद यादव, तेजस्वी यादव समेत कई अन्य के खिलाफ आरोप तय किए जाने के बाद मुकदमे की सुनवाई कर रही है।

क्या है IRCTC मामला?

यह केस रेलवे के दो होटलों के लीज आवंटन में कथित अनियमितताओं से जुड़ा है। आरोप है कि 2004 से 2009 के बीच, जब लालू प्रसाद यादव रेल मंत्री थे तब इन होटलों की लीजिंग में भ्रष्टाचार हुआ।पिछले महीने अदालत ने इस केस में आईपीसी की धारा 420, 120बी और प्रिवेंशन ऑफ करप्शन एक्ट के तहत आरोप तय किए थे। इससे पहले 11 नवंबर को अदालत ने लालू और राबड़ी द्वारा दायर दैनिक सुनवाई के विरोध वाली याचिका खारिज कर दी थी।

सीबीआई और ईडी दोनों की जांच जारी

सीबीआई का आरोप है कि रेलवे में ग्रुप-डी की नौकरी के बदले उम्मीदवारों से जमीन लालू यादव के परिवार के सदस्यों या उनके करीबी बेनामी संस्थाओं को ट्रांसफर कराई गई।वहीं, ईडी ने दावा किया है कि इन ट्रांजैक्शनों को भ्रष्टाचार से अर्जित धन को छिपाने और लाभ कमाने के लिए उपयोग किया गया।