गौरव राय की सामाजिक पहल से जरूरतमंद महिलाओं को गैस चूल्हा वितरण, अब तक 100 से अधिक परिवारों को लाभ
गौरव राय ने कहा कि जरूरतमंदों के चेहरे पर खुशी देखकर उन्हें सबसे अधिक संतोष मिलता है। उन्होंने बताया कि इस अभियान का उद्देश्य आसपास के जरूरतमंद लोगों की पहचान कर आपसी सहयोग से उनकी सहायता करना है।
Bihar News : राजधानी पटना के बिग्रहपुर, मीठापुर क्षेत्र में बुधवार को एक सामाजिक पहल के तहत जरूरतमंद महिलाओं को गैस चूल्हा वितरित किया गया। इस कार्यक्रम में सीता देवी और रूबी देवी को गैस चूल्हा प्रदान किया गया, जिसे सामाजिक कार्यकर्ता गौरव राय द्वारा उपलब्ध कराया गया। गौरव राय ने बताया कि दोनों महिलाओं के नाम की अनुशंसा भूमिहार महिला समाज की संस्थापिका प्रीति प्रिया द्वारा की गई थी। उन्होंने कहा कि यह पूरी पहल बिना किसी एनजीओ के, व्यक्तिगत और सामाजिक सहयोग के आधार पर पिछले दो महीनों से लगातार चल रही है।
गौरव राय के अनुसार इस अभियान में असम की राजधानी गुवाहाटी में कार्यरत संदीप कुमार ने भी सहयोग किया और दोनों महिलाओं के लिए गैस चूल्हे की व्यवस्था कराई। संदीप कुमार मूल रूप से बिहार के मोतिहारी जिले के निवासी हैं और पहले भी इस सामाजिक अभियान में सहयोग करते रहे हैं। उन्होंने बताया कि इस अभियान का उद्देश्य आसपास के जरूरतमंद लोगों की पहचान कर आपसी सहयोग से उनकी सहायता करना है। पिछले दो महीनों में अब तक 103 परिवारों को गैस चूल्हा, 310 लोगों को साइकिल, 326 महिलाओं को सिलाई मशीन और 153 विद्यालयों एवं कॉलेजों में सैनिट्री पैड वेंडिंग मशीनें उपलब्ध कराई जा चुकी हैं।
गौरव राय ने कहा कि यह उपलब्धि भले ही छोटी हो, लेकिन परिवार, मित्रों और सोशल मीडिया के सहयोग से यह कार्य लगातार आगे बढ़ रहा है। उन्होंने बताया कि वे अपने वेतन का लगभग 30 प्रतिशत हिस्सा हर महीने जरूरतमंदों की मदद के लिए अलग रखते हैं। उन्होंने कहा कि जैसे ही किसी जरूरतमंद की जानकारी मिलती है, लोग स्वयं आगे बढ़कर सहयोग करते हैं, जिससे यह एक सामूहिक सामाजिक प्रयास बन गया है।
गौरव राय मूल रूप से सिवान जिले के भगवानपुर प्रखंड के सुघरी गांव के निवासी हैं और वर्तमान में पटना में रहते हैं। उन्होंने कहा कि जरूरतमंदों के चेहरे पर खुशी देखकर उन्हें सबसे अधिक संतोष मिलता है। उन्होंने युवाओं से रक्तदान जैसे सामाजिक कार्यों में आगे आने की अपील की। गौरव राय ने बताया कि वे अब तक 106 बार रक्तदान कर चुके हैं और लोगों को रक्तदान से जुड़े भय और भ्रांतियों के बारे में जागरूक करते रहते हैं।