बगहा को नीतीश सरकार की बड़ी सौगात: राजकीय पॉलिटेक्निक में 2026 से शुरू होगी पढ़ाई, इन संकायों में होगा एडमिशन
बगहा (पश्चिम चम्पारण) के युवाओं के लिए एक बड़ी खुशखबरी सामने आई है। राज्य सरकार ने यहाँ नवनिर्मित राजकीय पॉलिटेक्निक में नए शैक्षणिक सत्र से विधिवत पढ़ाई शुरू करने और आवश्यक पदों के सृजन को मंजूरी दे दी है
Patna - बिहार कैबिनेट ने पश्चिम चम्पारण के बगहा में तकनीकी शिक्षा के विस्तार को लेकर एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। राज्य में तकनीकी शिक्षा की आधारभूत संरचना को मजबूत करने और डिप्लोमा स्तरीय इंजीनियरिंग सीटों में वृद्धि करने के उद्देश्य से बगहा में राजकीय पॉलिटेक्निक की स्थापना को मंजूरी दी गई है।
2026-2027 सत्र से शुरू होगा पठन-पाठन
कैबिनेट के फैसले के अनुसार, नवनिर्मित राजकीय पॉलिटेक्निक, बगहा में शैक्षणिक सत्र 2026-2027 से पढ़ाई शुरू कर दी जाएगी। इस संस्थान में प्रति संकाय 60 सीटों की प्रवेश क्षमता निर्धारित की गई है। यहाँ त्रिवर्षीय डिप्लोमा पाठ्यक्रमों के साथ-साथ छात्रों के सर्वांगीण विकास के लिए गणित, भौतिकी, रसायन और अंग्रेजी जैसे विषयों की पढ़ाई की भी विशेष व्यवस्था होगी।
पांच प्रमुख इंजीनियरिंग शाखाओं में मिलेगा अवसर
बगहा पॉलिटेक्निक में आधुनिक समय की मांग को देखते हुए पांच प्रमुख इंजीनियरिंग शाखाओं (Branches) की शुरुआत की जा रही है। यहाँ के छात्र निम्नलिखित विषयों में डिप्लोमा प्राप्त कर सकेंगे:
- असैनिक (Civil) अभियंत्रण
- विद्युत (Electrical) अभियंत्रण
- इलेक्ट्रॉनिक्स इंजीनियरिंग
- यांत्रिक (Mechanical) अभियंत्रण
- कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग
- 106 पदों के सृजन को मिली हरी झंडी
संस्थान के सुचारू संचालन और शैक्षणिक गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए कैबिनेट ने कुल 106 पदों के सृजन की प्रशासनिक स्वीकृति दी है। इसमें 45 शैक्षणिक पद शामिल हैं, जिनमें एक प्राचार्य, पांच विभागाध्यक्ष और 39 व्याख्याता (Lecturer) नियुक्त किए जाएंगे। इसके अतिरिक्त, 61 गैर-शैक्षणिक पदों को भी मंजूरी दी गई है, जिसमें 40 तकनीकी और 21 गैर-तकनीकी कर्मचारी शामिल होंगे।
स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए द्वार
राज्य सरकार के इस कदम से पश्चिम चम्पारण के युवाओं को अपने ही क्षेत्र में उच्च स्तरीय तकनीकी शिक्षा प्राप्त करने का अवसर मिलेगा। अखिल भारतीय तकनीकी शिक्षा परिषद (AICTE) के मानकों के अनुरूप शिक्षक-छात्र अनुपात (25:1) का पालन करते हुए यहाँ शिक्षा की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। इससे न केवल स्थानीय स्तर पर हुनरमंद युवाओं की फौज तैयार होगी, बल्कि औद्योगिक क्षेत्रों में रोजगार की संभावनाएं भी प्रबल होंगी