पटना पुलिस का 'वसूली कांड': "6 गो गिन दीजिये" जब दारोगा ने पुलिसवाले से ही मांग ली रिश्वत,ऑडियो वायरल
बिहार पुलिस से जुड़ा एक ऑडियो बड़ी तेजी से सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।ऑडियो में आइये न...पहचान नहीं रहे है का...छे गो गन दीजिये ... दारोगा जी सामने वाले व्यक्ति की पहचान जाने बिना ही बेखौफ होकर पैसों की डिमांड करते सुनाइ दे रहे है.
पटना पुलिस की कार्यशैली पर सवालिया निशान खड़ा करता एक ऑडियो इन दिनों सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इस ऑडियो में दो व्यक्तियों के बीच हो रही बातचीत ने विभाग के भीतर हड़कंप मचा दिया है। दरअसल, यह बातचीत किसी अपराधी और पुलिस के बीच नहीं, बल्कि विभाग के ही दो कर्मियों के बीच की है। वायरल ऑडियो में राजधानी के एक थाने में तैनात दारोगा जी सामने वाले व्यक्ति की पहचान जाने बिना ही बेखौफ होकर पैसों की डिमांड (उगाही) करते सुनाई दे रहे हैं, जो अब उनके लिए गले की फांस बन गया है।
विशेष यूनिट की पूछताछ और 'रॉन्ग नंबर' कॉल
मामले की शुरुआत तब हुई जब पटना पुलिस की एक प्रतिष्ठित और चर्चित यूनिट ने एक युवक को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया। अपराधियों के बीच खौफ का पर्याय मानी जाने वाली इस यूनिट के अधिकारी जब युवक से सवाल-जवाब कर रहे थे, तभी उसके मोबाइल पर एक ही नंबर से ताबड़तोड़ फोन आने लगे। पहले तो अधिकारियों ने इसे सामान्य समझकर नजरअंदाज किया, लेकिन जब फोन बजना बंद नहीं हुआ, तो सच्चाई जानने के लिए पुलिसकर्मी ने खुद फोन रिसीव कर लिया।
बेखौफ डिमांड और 'अपनों' के बीच ही फंसा पेंच
फोन उठाते ही दूसरी तरफ से थाने में तैनात दारोगा जी ने अपना असली रंग दिखाना शुरू कर दिया। सामने कौन है, यह जाने बिना ही दारोगा ने युवक से पैसों की मांग रख दी। मजे की बात यह रही कि जिससे वह रिश्वत मांग रहे थे, वह खुद पुलिस की उसी विशेष यूनिट का सदस्य था। बातों के लहजे से ऐसा प्रतीत हो रहा था कि दोनों एक-दूसरे से परिचित हो भी सकते हैं, लेकिन वसूली की बेताबी में दारोगा जी यह बुनियादी सावधानी भी भूल गए। लेकिन वसूली को बेताब पुलिसवाले को जरा भी फर्क नहीं पड़ता है कि फोन पर कौन बात कर रहा है बस उन्हें तो मतलब है पैसे से ......
विभाग की किरकिरी और जांच का घेरा
इस घटना ने पटना पुलिस की छवि को काफी नुकसान पहुंचाया है। एक तरफ जहां विशेष इकाइयां अपराध नियंत्रण के लिए सक्रिय हैं, वहीं दूसरी तरफ थानों में बैठे कुछ अधिकारी 'उगाही' के खेल में इतने मशगूल हैं कि उन्हें अपनों और परायों का फर्क भी नजर नहीं आ रहा। वायरल ऑडियो के सामने आने के बाद अब वरिष्ठ अधिकारियों के बीच खलबली है। माना जा रहा है कि इस मामले में दोषी दारोगा पर गाज गिरना तय है, क्योंकि साक्ष्य के तौर पर उनकी अपनी आवाज ही अब उनके खिलाफ सबसे बड़ा सबूत बन चुकी है। बल्कि बाकायदा दूसरा पुलिस वाला उस खाकी वाले का नाम भी लेता है जो वायरल ऑडियो में दर्ज है।