गंगा बनी काल! पटना के बाढ़ में लगातार दूसरे दिन डूबे लोग, अब तक पांच शव बरामद, कई घरों के बुझ गए चिराग

बाढ़ के उमानाथ घाट पर लगातार दूसरे दिन बड़ा हादसा हुआ हैं, पहले दिन नाव पलटने से 14 लोग में 5 का शव बरामद हुआ तो शुक्रवार को तीन लोग गंगा में बह गए.

Drowned in Ganga in Patna
Drowned in Ganga in Patna- फोटो : news4nation

Drowned in Ganga in Patna :  पटना जिले के बाढ़ अनुमंडल में गंगा नदी एक बार फिर हादसों की गवाह बनी। लगातार दूसरे दिन शुक्रवार को गंगा में डूबने की घटना सामने आई, जिससे इलाके में दहशत और मातम का माहौल है। गुरुवार को नाव पलटने से हुए बड़े हादसे के बाद शुक्रवार को एक ही परिवार के तीन लोग गंगा में डूब गए।


जानकारी के अनुसार, नालंदा जिले के पुनहा गांव से एक परिवार बाढ़ के उमानाथ घाट पहुंचा था। परिवार के सदस्य श्रद्धाकर्म के बाद शुद्धिकरण के लिए गंगा स्नान कर रहे थे। इसी दौरान अचानक तीन लोग गहरे पानी में चले गए और डूबने लगे। घाट पर मौजूद स्थानीय लोगों ने तत्परता दिखाते हुए दो लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया, लेकिन एक लड़की नदी की तेज धारा में लापता हो गई। कई घंटों तक उसका कोई पता नहीं चलने से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। 


वहीं सूचना मिलते ही बाढ़ थाना पुलिस, अंचलाधिकारी और प्रखंड विकास पदाधिकारी मौके पर पहुंचे। स्थानीय गोताखोरों की मदद से लापता लड़की की तलाश लगातार जारी है। प्रशासन ने बताया कि खोजबीन अभियान में तेजी लाई गई है।


इधर, गुरुवार को भी बाढ़ के उमानाथ घाट पर बड़ा हादसा हुआ था। सुबह के समय एक नाव पर सवार करीब 14 लोग समस्तीपुर जिले के दियारा क्षेत्र में सब्जी तोड़ने जा रहे थे। इसी दौरान गंगा नदी में नाव असंतुलित होकर पलट गई और नाव पर सवार लोग नदी में डूबने लगे।


स्थानीय गोताखोरों और ग्रामीणों की मदद से सात लोगों को सुरक्षित बचा लिया गया, जबकि देर शाम तक पांच लोगों के शव बरामद कर लिए गए थे। हादसे में अब भी दो लोग लापता बताए जा रहे हैं। उनकी तलाश में एनडीआरएफ की टीम और स्थानीय गोताखोर लगातार सर्च अभियान चला रहे हैं। लगातार दो दिनों में गंगा नदी में हुई इन घटनाओं ने प्रशासन की चिंता बढ़ा दी है। स्थानीय लोग घाटों पर सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने और नाव संचालन पर सख्ती की मांग कर रहे हैं।

रविशंकर की रिपोर्ट