'सम्राट चौधरी 24 घंटे में झोला उठाकर चला जाएगा'... सीएम ने शेखपुरा में मंच से किया ऐलान, विरोधियों को खूब सुनाया

सियासी प्रतिद्वंद्वियों को सिद्धांत की सियासत करने की नसीहत देते हुए मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने मंगलवार को शेखपुरा में विरोधियों को जमकर लताड़ा और नैतिकता की राजनीति का सुझाव दिया.

Samrat Choudhary
Samrat Choudhary- फोटो : news4nation

Samrat Choudhary:   मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने मंगलवार को शेखपुरा में बड़ा ऐलान किया. उन्होंने खुलासा करते हुए सीएम पद छोड़ने की स्थिति में अपने लिए तय किये गए सिद्धांतों का खुलासा किया. शेखपुरा में सम्राट चौधरी ने ग्राम सामस बुजुर्ग, प्रखंड बरबीघा में "सहयोग शिविर" में आवेदनों की प्राप्ति एवं निष्पादन हेतु लगाए गए स्टॉल का निरीक्षण एवं अवलोकन किया. वहीं कार्यक्रम को संबोधित करते हुए बिहार की पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी को 10 सर्कुलर रोड 'बंगला' खाली करने के लिए भेजे गए नोटिस पर तंज कसा. 


उन्होंने कहा कि वर्ष 1999 में वे पहली बार मंत्री बने. तब से अब तक कई बार अलग अलग मौकों पर मंत्री रहे. राज्य में उप मुख्यमंत्री और गृह मंत्री भी रहे. अब मुख्यमंत्री का पद संभाल रहे हैं. 1999 से अब तक उन्हें 11 बार अलग अलग सरकारी आवास मिला है. लेकिन वे अपने सरकारी आवासों का उपयोग सिर्फ कार्यालय के लिए करते हैं. लेकिन मैं 2400 स्कव्यार फीट में रहा. यहां तक कि जब सीएम बनने के बाद वे मुख्यमंत्री आवास गए तो वहां भी गेट के बाहर लोकसेवक का आवास लिखवाया. 


सीएम सम्राट ने लालू परिवार को सुझाव देते हुए पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का उदहारण दिया. उन्होंने कहा कि 15 अप्रैल जब वे सीएम पद की शपथ लिए तो 1 मई को नीतीश कुमार ने आवास खाली कर दिया. बिहार के लोग इस प्रकार का आदर्श प्रस्तुत करने वालों को देखना चाहते हैं. लेकिन यहां लोग एक बंगला नहीं खाली कर रहे हैं. जबकि यहां किसी की बपौती नहीं होती. बंगला किसी की बपौती नहीं है. लोगों को बंगले से मोह हो गया है. बेटा को अलग घर चाहिए, माता को अलग घर चाहिए.


सम्राट चौधरी ने अपने लिए तय सिद्धांतों का खुलासा करते हुए कहा कि जिस दिन पार्टी और हमारे नेता कहेंगे, मैं आश्वस्त करता हूँ उस दिन हम 24 घंटे में झोला उठाकर अपने निजी घर में चले जाएंगे.  


 15 दिनों का अल्टीमेटम

दरअसल, बिहार सरकार ने 10 सर्कुलर रोड स्थित सरकारी आवास खाली करने के लिए लालू परिवार को 15 दिनों का अल्टीमेटम दिया है। भवन निर्माण विभाग की ओर से पहले भी 25 नवंबर 2025 को नोटिस जारी किया गया था, लेकिन अब तक आवास खाली नहीं किया गया।

बताया जा रहा है कि 10 सर्कुलर रोड स्थित आवास में पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव, राबड़ी देवी और नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव रह रहे हैं। वहीं सरकार की ओर से राबड़ी देवी को 39 हार्डिंग रोड स्थित नया सरकारी आवास आवंटित किया जा चुका है। भवन निर्माण विभाग के मुताबिक, कई बार आग्रह किए जाने के बावजूद अब तक पुराने आवास को खाली नहीं किया गया है। इसी को लेकर सरकार ने सख्त रुख अपनाया है।


 फोर्स बुलाकर खाली कराएं 

वहीं इस पूरे मामले पर राबड़ी देवी पहले ही साफ कह चुकी हैं कि वे किसी भी कीमत पर 10 सर्कुलर रोड का आवास खाली नहीं करेंगी। उन्होंने कहा था कि सरकार चाहे तो फोर्स बुलाकर बंगला खाली करवा ले। सरकारी आवास को लेकर जारी इस विवाद ने बिहार की राजनीति में नया सियासी ताप बढ़ा दिया है।

वंदना की रिपोर्ट